लक्सर। कुआखेड़ा स्थित कूड़ा निस्तारण प्लांट को बंद कराने की मांग को लेकर धरना दे रहे ग्रामीणों ने प्लांट प्रबंधन ने उनके एक वाहन में तोड़फोड़ कर चालक से मारपीट करने का आरोप लगाया। वहीं, ग्रामीणों ने फैक्ट्री अधिकारियों पर साजिश के तहत टूटे हुए शीशे की गाड़ी धरना स्थल पर लाकर खड़े करने का आरोप लगाया है। पुलिस की ओर से अभी तक मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
गौरतलब कि कुआखेड़ा गांव में कूड़ा निस्तारण के लिए एक प्लांट लगा है। जिसमें विभिन्न जिले से लाए जाने वाले कूड़े का निस्तारण किया जाता है। करीब दो माह से यहां के ग्रामीण प्लांट से प्रदूषण फैलने का आरोप लगाते हुए इसे बंद कराने की मांग कर रहे हैं और धरना दे रहे हैं। कुछ दिन प्रशासन की ओर से धरनारत ग्रामीणों के हाईकोर्ट के आदेश भी तामील कराए थे। जिसमें हाईकोर्ट ने प्लांट से 200 मीटर दूरी तक किसी प्रकार का धरना प्रदर्शन नहीं किए जाने के आदेश जारी किए थे। मंगलवार को मामले में एक नया मोड़ आ गया। प्लांट अधिकारियों ने पुलिस को सूचना दी कि धरना दे रहे ग्रामीणों ने उनके प्लांट में आ रही एक टाटा-207 गाड़ी को रोककर उसके शीशे तोड़ डाले और चालक को कब्जे में लेकर उसके साथ मारपीट कर दी है। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने गाड़ी को कब्जे में लेने के साथ ही चालक को कोतवाली ले आई। प्लांट के मैनेजर अशोक द्विवेदी ने कहा कि मामले में कोतवाली पहुंचकर शिकायत की जाएगी। उधर, ग्रामीणों से इस घटना को प्लांट अधिकारियों की साजिश बताते हुए कहा है कि शीशे टूटे हुई गाड़ी धरना स्थल के पास लाकर खड़ी की गई थी और उन्होंने चालक के साथ मारपीट नहीं की है। वहीं पुलिस की ओर से अभी जांच पड़ताल की जा रही है।