गोवर्धनपुर स्थित स्वास्थ्य विभाग के मातृ एवं शिशु कल्याण केंद्र का भवन विभागीय अफसरों की लापरवाही के चलते सफेद हाथी साबित हो रहा है। यहां तैनात एकमात्र एएनएम के नहीं आने से कई महीनों से केंद्र बंद है, जिससे गर्भवती महिलाओं और शिशुओं को टीकाकरण आदि के लिए आठ किलोमीटर की दौड़ लगानी पड़ रही है।
खानपुर ब्लॉक क्षेत्र में 25 ग्राम पंचायतें हैं। इनमें चार दर्जन से ज्यादा गांव की आबादी निवास करती है। वहीं पूरे ब्लॉक क्षेत्र में तीन न्याय पंचायतें हैं। इनमें खानपुर पोडोवाली और गोवर्धनपुर न्याय पंचायत हैं। कुछ वर्ष पहले स्वास्थ्य विभाग ने न्याय पंचायत के गांव की महिलाओं, शिशुओं का टीकाकरण और प्रसव कराने के लिए गोवर्धनपुर गांव में मातृ एवं शिशु कल्याण केंद्र स्थापित कराया था। विभाग की ओर से ही लगभग चार साल पहले केंद्र का नया भवन भी बना दिया गया था, लेकिन विभागीय अफसरों, कर्मियों की लापरवाही से भवन सफेद हाथी साबित हो रहा है।
क्षेत्रीय ग्रामीणों का कहना है कि इस केंद्र पर कभी भी कोई स्वास्थ्य कर्मी नहीं बैठता। करीब तीन महीने से यहां स्वास्थ्य कर्मी नहीं पहुंच रहे हैं। बताया गया कि मातृत्व अवकाश के चलते एएनएम छुट्टी पर हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कई महीनों से बंद पड़े केंद्र के चलते गांव की गर्भवती महिलाओं और शिशुओं को टीकाकरण आदि के लिए आठ किलोमीटर दूर खानपुर स्थित स्वास्थ्य केंद्र जाना पड़ रहा है। पहले टीकाकरण आदि का काम स्थानीय स्तर पर ही हो जाता था।
सीएचसी के चारों ओर झाड़ियां उगी
स्वास्थ्य विभाग हमेशा लोगों को स्वस्थ रहने के लिए अपने चोरों ओर साफ सफाई पर विशेष ध्यान देने की बात कहता है, लेकिन खुद विभाग इस पर अमल नहीं करता। गोवर्धनपुर स्थित स्वास्थ्य विभाग के मातृ एवं शिशु कल्याण केंद्र के भवन के आसपास चारों तरफ इसकी बानगी देखने को मिलती है। यहां बरसात के दिनों में पेड़-पौधे और बेल भवन तक पहुंच गई है। वहीं आंगन में झाड़ियां घास और फूस खड़ी है, लेकिन साफ सफाई पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।
बोले ग्रामीण
कोरोना काल में केंद्र में न्याय पंचायत क्षेत्र से आने वाले गांव की महिलाओं की सामान्य डिलीवरी भी हुई है, लेकिन विभाग की मनमानी के चलते यह केंद्र खंडहर में तब्दील हो रहा है।
- नीटू चौधरी
गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं के टीकाकरण के लिए लोगों को आठ किमी दूर खानपुर स्थित सीएचसी तक की दौड़ लगानी पड़ती है। अफसरों को ग्रामीणों की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं है।
- चरण सिंह
सरकार की ओर से कई जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रहीं, लेकिन उन योजनाओं का ठीक ढंग से क्रियान्वयन नहीं किया जा रहा है। लापरवाही बरतने वाले अफसरों, कर्मियों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
- वचन सिंह -
गोवर्धनपुर में पूर्व प्रधान ने किसी तरह गांव में यह केंद्र सरकार से जद्दोजहद करके स्थापित कराया था, लेकिन तीन माह से भी अधिक समय से यहां ताले लटके हुए हैं। विभाग की लापरवाही को लोग भुगत रहे हैं।
- कुलदीप चौधरी
गोवर्धनपुर स्थित मातृ एवं शिशु कल्याण केंद्र में जिस एएनएम की ड्यूटी है। वह फिलहाल अवकाश पर चल रही हैं। परिसर और बाहर खड़ी झाड़ियों की साफ सफाई जल्द कराई जाएगी।
-डॉ. शौर्य सिंघल, प्रभारी, सीएचसी खानपुर