तीन बदमाशों ने स्कूल से घर लौट रहे छात्र को अगवा करने की कोशिश की। शोर मचाने पर आरोपियों ने उसे पीटा और बेहोशी की दवा सुंघा दी। चिल्लाने पर उसके मुंह में कागज ठूंस दिया। इसी दौरान राहगीरों को आता देख बदमाश जंगल में भाग गए। राहगीरों ने घटना की सूचना परिजनों को दी। परिजनों ने छात्र को अस्पताल में उपचार दिलाया और पुलिस को तहरीर दी।
झबरेड़ा थाना क्षेत्र के बिंडुखड़क गांव निवासी अर्जुन सिंह का 13 वर्षीय बेटा लक्षित भलस्वागाज गांव के एक स्कूल में कक्षा 9 का छात्र है। मंगलवार दोपहर वह साइकिल से स्कूल से घर लौट रहा था। जैसे ही वह पावर प्लांट से पहले पहुंचा तो गन्ने के खेतों से निकलकर आए तीन बदमाशों ने उसे पकड़ लिया। उन्होंने छात्र को बेहोशी की दवा सुंघाई और खेत में खींचकर ले जाने लगे। छात्र ने विरोध किया तो उसे पीटा गया और मुंह में कागज ठूंसने की कोशिश की।
इस बीच बिंडुखड़क गांव की ओर से एक ई-रिक्शा में बैठकर कुछ लोग और दो बाइक सवार मौके पर आ गए। बदमाश खुद को घिरता देख छात्र को छोड़कर खेतों में फरार हो गए। राहगीरों ने सूचना छात्र के परिजनों को दी। परिजन मौके पर पहुंचे और उसे अस्पताल ले गए। साथ ही थाने पहुंचकर पुलिस को तहरीर दी। वहीं छात्र के पिता अर्जुन सिंह का कहना है कि उनका बेटा कुछ बेहोशी की हालत में दिखाई दे रहा था। रंजिश जैसी कोई बात भी नहीं है। इसके कारण उनका पूरा परिवार दहशत में है। एसओ संजीव थपलियाल ने बताया मामले की जांच कराई जा रही है। कुछ लोगों से भी इस बारे में पूछताछ की गई है। जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।