एक ग्रामीण ने तीन लोगों पर घर में घुसकर मारपीट और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने का आरोप लगाया है। आरोप है कि उक्त लोग बेटे का अपहरण कर जंगल में ले गए थे। पुलिस ने तहरीर के आधार पर तीनों पर केस दर्ज कर लिया है।
मंगलौर कोतवाली क्षेत्र स्थित गांव नगला सलारू निवासी संजू ने पुलिस को बताया कि 17 अगस्त की दोपहर वह अपनी पत्नी के साथ जंगल में गए थे। इस दौरान गांव का ही मनोज घर में घुस आया और बच्चों से मारपीट कर दी। आरोप है कि विरोध करने पर बेटे श्रवण के साथ जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया गया। 19 अगस्त की दोपहर को श्रवण गांव के बरात घर में बैठा था। यहां पर गुरमीत और मुकुल पहुंचे। उन्होंने भी जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया।
विरोध करने पर दोनों उसे जबरन बाइक पर बैठाकर अपहरण कर जंगल में ले गए और गला दबाने की कोशिश की। इस बीच आसपास के लोगों ने पुलिस कंट्रोल रूम को मामले की सूचना दी। सूचना पर पहुंची पुलिस को देख दोनों फरार हो गए। आरोप लगाया कि 20 अगस्त को वह परिवार के साथ शिकायत करने कोतवाली जा रहे थे। इस बीच रास्ते में भी उनके साथ मारपीट कर दी। मारपीट में सुंदर और जितेंद्र घायल हो गए। कोतवाली प्रभारी अमरचंद शर्मा ने बताया कि तहरीर के आधार पर मनोज, गुरमीत और मुकुल समेत अन्य अज्ञात पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।