- आठवें दिन भी जारी रहा धरना, वेतन-भत्तों की स्थायी व्यवस्था और सहकारिता ढांचे में शामिल करने की मांग
हर्रावाला। प्राथमिक कृषि ऋण सहकारी समितियां (पैक्स) सचिव और कर्मचारी संयुक्त संगठन उत्तराखंड ने आंदोलन तेज करने का निर्णय लेते हुए 14 अक्तूबर से क्रमिक अनशन और 16 अक्तूबर को सचिवालय घेराव की घोषणा की है। प्राथमिक कृषि ऋण सहकारी समितियों (पैक्स) के कर्मचारियों का मियांवाला स्थित निबंधक कार्यालय परिसर में धरना सोमवार को आठवें दिन भी जारी रहा। कर्मचारी वेतन-भत्तों की स्थायी व्यवस्था, सहकारिता ढांचे में शामिल करने और लंबित मांगों पर शासनादेश जारी करने की मांग कर रहे हैं। प्रदेश अध्यक्ष हर्षमणि नौटियाल ने कहा कि उत्तराखंड में वर्ष 1965 से संचालित पैक्स कर्मचारियों के वेतन-भत्तों के लिए कैडर व्यवस्था और स्थायी निधि बनाई गई थी, लेकिन राज्य गठन के बाद इसका समयानुकूल पुनरीक्षण नहीं हुआ। संयोजक प्रकाश जोशी ने नई एम-पैक्स समितियों के गठन से पहले मौजूदा समितियों के कारोबार, भौगोलिक स्थिति और वित्तीय व्यवहार का आकलन करने की मांग की। उपाध्यक्ष मंजू गौड़ और सुरेंद्र पाल सिंह ने कहा कि मिनी बैंकों के माध्यम से करोड़ों रुपये का कारोबार होता है। इसके प्रभावित होने से समितियों और जिला सहकारी बैंकों की आर्थिक स्थिति पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। धरने में दिनेश कुमार यादव, मंजू उनियाल, राधा बौड़ाई और ऊषा मौजूद रहे। संगठन के अनुसार, आंदोलन को प्रदेश किसान यूनियन का समर्थन मिला है। 16 अक्तूबर को सचिवालय घेराव के लिए प्रशासन से अनुमति और रूट चार्ट संबंधी औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी।