जंगल की आग वीरभद्र स्थित पिटकुल के 220 केवी बिजलीघर की बाउंड्रीवाल तक पहुंच गई। आग की लपटों को देख पिटकुल के अधिकारियों को बिजलीघर से आपूर्ति बंद करनी पड़ी। इससे शहर और आसपास के क्षेत्रों में ढाई घंटे तक विद्युत बाधित रही। मौके पर पहुंची अग्निशमन विभाग की टीम की तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
सुबह 9:30 बजे किसी ने वीरभद्र स्थित पिटकुल के बिजलीघर के पास के जंगल में आग लगा दी। कुछ लोगों का कहना है कि यह चिंगारी बिजली की तारों से गिरी होगी। यह आग बढ़ते-बढ़ते बिजलीघर की ओर जाने लगी। जब आग बिजलीघर की बाउंड्रीवाल के एकदम पास पहुंची तब पिटकुल के अधिकारी आग बुझाने के लिए सक्रिय हुए। बिजलीघर के आसपास लगी केबलों को बचाने के लिए आनन-फानन में बिजलीघर बंद करना पड़ा। इससे दोपहर एक ऋषिकेश शहर, तपोवन, श्यामपुर, बापूग्राम, सुमन विहार, गीतानगर आदि क्षेत्रों की बिजली गुल हो गई। करीब ढाई घंटे बाद 3:30 बजे विद्युत आपूर्ति बहाल हो सकी। इस दौरान लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी।
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नहीं उठे अधिकारियों के फोन
जंगल की आग पिटकुल के 220 केवी के बिजलीघर की बाउंड्रीवाल तक पहुंचने को लेकर पिटकुल के अधीक्षण अभियंता कार्तिक दुबे और पिटकुल के ईई मनोज बहुगुणा को फोन किया गया, लेकिन दोनों में से किसी का फोन नहीं उठा। पिछले साल बरसात में जंगल का बरसाती पानी पिटकुल के बिजलीघर के अंदर घुस गया था जिससे काफी नुकसान हुआ था। बिजलीघर के कई पैनल खराब हो गए थे।
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दोपहर 1:45 बजे आईडीपीएल स्थित पिटकुल के बिजलीघर के पास जंगल में आग लगने की सूचना मिली थी। करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। - प्रताप राणा, अग्निशमन अधिकारी, ऋषिकेश