पिथौरागढ़। नियमित हवाई सेवा और बेस अस्पताल शुरू करने सहित कई अन्य मांगों को लेकर कलक्ट्रेट में चल रहे कांग्रेस के अनिश्चितकालीन क्रमिक धरने को कई जन संगठनों ने समर्थन दिया। उन्हाेंने जल्द मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन को तेज करने की चेतावनी दी है।
मंगलवार को व्यापार मंडल वड्डा, नगर व्यापार मंडल पिथौरागढ़ और जिला उद्योग व्यापार मंडल ने धरना स्थल पर पहुंचकर समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस विधायक मयूख महर नियमित हवाई सेवा, बेस अस्पताल सहित कई जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर आंदोलित हैं। उनके आंदोलन को हम सभी समर्थन देते हैं। इस दौरान विधायक मयूख महर ने कहा कि सरकार लंबे समय से हवाई सेवा और बेस अस्पताल के संचालन के नाम पर लोगों को ठगने का कार्य कर रही है जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
कहा कि कुछ दिन पूर्व सिकड़ानी के लोग घरों के ऊपर से बिजली लाइन ले जाने का विरोध कर रहे थे जिस पर यूपीसीएल ने उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया। उन्होंने जल्द केस वापस लेने की मांग की। कहा कि सेना ने कई गांवों के पैमाइशी रास्ते, पेयजल स्रोत, मंदिर, स्कूल और चारागाह तक जाने वाले रास्ते बंद कर दिए हैं। लोग लंबे समय से रास्ते खोलने की मांग कर रहे हैं लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हो रही है।
इस मौके पर जिला उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष जनक जोशी, महामंत्री नवल रावल, नगर उद्योग व्यापार मंडल अध्यक्ष तपन रावत,व्यापार मंडल अध्यक्ष वड्डा अनिल इगराल, जिलाध्यक्ष कांग्रेस अंजू लुंठी, पूर्व दर्जा राज्यमंत्री महेंद्र लुंठी, यूथ कांग्रेस राष्ट्रीय सचिव ऋषेंद्र महर, पूर्व पालिकाध्यक्ष जगत सिंह खाती, पूर्व प्रदेश प्रवक्ता खीमराज जोशी व भुवन पांडे, राजेश शर्मा, पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश पंत सहित कई कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए 77वें दिन भी धरना जारी
डीडीहाट (पिथौरागढ़)। सीएचसी डीडीहाट में बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए चल रहा सर्वदलीय समिति का धरना 77वें दिन भी जारी रहा। मंगलवार को सर्वदलीय समिति के राजेंद्र बोरा के नेतृत्व में लोगों ने धरना दिया। उन्होंने कहा कि तीसरा माह बीतने को है लेकिन उनकी समस्याओं का समाधान अभी तक पूरी तरह नहीं हो पाया है। गर्भवतियों की पीड़ा सरकार को नहीं दिख रही है। अल्ट्रासाउंड के लिए महिलाओं को पिथौरागढ़ की दौड़ लगानी पड़ती है। धरने पर दान सिंह देउपा, जगत सिंह, राजेंद्र चौहान, रवि बोरा, हिमांशु चुफाला, डिगर सिंह, शेखर सिंह, किशन राम, चंदन सिंह, विक्रम सिंह आदि बैठे। संवाद