धारचूला (पिथौरागढ़)। चीन सीमा समेत सीमांत की तीनों घाटियों को जोड़ने वाली सड़क मलबा और बोल्डर गिरने से एक बार फिर से बंद हो गई है। इसके चलते कई वाहन और ग्रामीण दिन भर फंसे रहे। सड़क के रविवार तक खुलने की संभावना जताई जा रही है।
सीमांत में हो रही भारी बारिश से जगह-जगह मलबा और बोल्डर आने से टनकपुर-लिपुलेख सड़क सात दिन तक बंद रही थी। सोबला की सड़क दो दिन पूर्व जबकि चीन सीमा को जोड़ने वाली लिपुलेख सड़क को शुक्रवार शाम तक आवागमन के लिए खोल दिया गया था लेकिन रात में फिर से भारी बारिश होने के चलते सड़क फिर से कई जगहों पर मलबा आने से बंद हो गई है।
वहां से लौट रहे वाहन स्वामी सोमित सिंह नबियाल ने बताया कि टनकपुर-तवाघाट एनएच पर एलागाड़ व चेतलधार के पास और तवाघाट-लिपुलेख सड़क पर मलघाट व वर्तीघाट में सड़क बंद होने से तीनों घाटियों का संपर्क तहसील मुख्यालय से कट गया है।
हिलवेज कंपनी के पीआरओ त्रिलोक सिंह दानू ने बताया कि रोजाना रात में बारिश होने से मलबा गिरने के कारण सड़क बंद हो जा रही है। मशीन सड़क खोलने में लगी हुई है। व्यास घाटी की सड़क बंद होने से ग्रामीणों को खाद्यान्न और पूजा के लिए सामान आदि ले जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
धरमघर में बारिश से मकान क्षतिग्रस्त
धरमघर (पिथौरागढ़)। धरमघर में बारिश से कराला महर गांव में ख्याली का मकान लगातार हो रही बारिश से क्षतिग्रस्त हो गया है। पीड़िता ने बताया कि बारिश के कारण छत की दीवार कुछ दिन पूर्व ढह गई थी। इससे मकान का ऊपरी हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। उन्होंने प्रशासन से मदद की मांग की है। पीड़िता कृषि कार्य कर जीवन यापन करती है। संवाद
12पीटीएच31 पी- धरमघर के कराला महर में क्षतिग्रस्त मकान। संवाद
समकोट में घर का आंगन ध्वस्त
मुनस्यारी। क्षेत्र में शुक्रवार की रात हुई भारी बारिश से ग्राम पंचायत समकोट में गंगा सिंह के मकान का आंगन ध्वस्त हो गया है और मकान भी खतरे की जद में आ गया है। धापा-मिलम मोटर मार्ग पर फिर से भारी मात्रा में मलबा आ गया है। वहां पैदल आवाजाही में भी काफी खतरा बना हुआ है। जौलजीबी-मुनस्यारी सड़क लुमती और बगीचाबगड़ के बीच भारी मलबा-बोल्डर आने से बंद हो गई है। संवाद
पांगरपानी में आठ परिवारों को खतरा
नाचनी। क्षेत्र के ग्राम रायाबजेता के तोक पांगरपानी में भूस्खलन से आठ परिवारों को खतरा उत्पन्न हो गया है। सड़क मार्ग की दीवारें टूटने से घरों के आसपास भारी मात्रा में मलबा एकत्र हो गया है। इससे मकानों के आगे-पीछे दरारें पड़ गई हैं और ये मकान किसी भी क्षण गिर सकते हैं। दुलियाबगड़-रायाबजेता सड़क दो हफ्ते से बंद है। राया बजेता के प्रधान और राजस्व निरीक्षक प्रकाश जोशी ने आपदा की जद में आए ग्रामीणों को सुरक्षित सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है। उन्होंने जल्द ही टैंट की व्यवस्था करने का भरोसा ग्रामीणों को दिलाया है। संवाद
सीमांत जिले में 14 सड़कें बंद
पिथौरागढ़। सीमांत जिले में आफत की बारिश जारी है। आपदा प्रबंधन केंद्र के अनुसार जौलजीबी-मुनस्यारी, पिथौरागढ़-तवाघाट, पातालभुवनेश्वर-रावलखेत, नाचनी-बांसबगड़-रायबजेता, तवाघाट-थानीधार व मालकोट-लोध सड़कें मलबा तथा बोल्डर आने से बंद हैं। इनके अलावा ड्योड़ा-बारमो, डीडीहाट-आदीचौरा-हुनेरा, मसूरीकांठा-होकरा, बांसबगड़-कोटा-पंद्रहपाला, छिरकिला-जम्कू, कालिका-खुमति, डोर-सैंणरांथी और मदकोट-दारमा सड़कें बंद हैं। ग्रामीण क्षेत्र की सड़कें बंद होने से ग्रामीणों को आवागमन में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। संवाद
धारचूला में काली नदी फिर उफान पर
पिथौरागढ़। सीमांत में हो रही लगातार बारिश से काली नदी फिर से उफान पर हैं। काली नदी चेतावनी स्तर 889 मीटर को पार कर 889.90 मीटर पर बह रही है। इसका खतरे का निशान 890 मीटर पर है। नदी के बढ़ते जल स्तर को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से नदी किनारे नहीं जाने की चेतावनी दी है। संवाद
कहां कितनी बारिश
पिथौरागढ़ 3.4 मिमी
गंगोलीहाट 2.5 मिमी
बेड़ीनाग 0.9 मिमी
डीडीहाट 32.2 मिमी
मुनस्यारी 56.6 मिमी
धारचूला 68 मिमी