नाचनी में इसी ट्राली से होता है आवागमन।
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नाचनी/पिथौरागढ़। पिथौरागढ़ जिले के नाचनी कस्बे से बागेश्वर को जोड़ने वाला झूला पुल अभी तक नहीं बन पाया है। यह पुल वर्ष 2018 की आपदा में बह गया था। इस स्थान पर अब ट्राली से आवाजाही कर रहे हैं। ट्राली भी नीचे की ओर झुक गई है। इससे जान जोखिम में डालकर आवागमन हो रहा है। नाचनी में रामगंगा नदी के इस पार पिथौरागढ़ तो उस पार बागेश्वर जिले के गांव हैं। बागेश्वर जिले के यह गांव बाजार सहित अन्य कामों के लिए पिथौरागढ़ के नाचनी बाजार पर ही निर्भर रहते हैं। आपदा में पुल बहने के बाद इस स्थान पर हर साल लकड़ी का कच्चा पुल बनाया जाता है जो बरसात में नदी का जल स्तर बढ़ने पर बह जाता है। इस साल भी यह पुल भी बह गया है। अब लोग लोक निर्माण विभाग की ओर से बनाई गई ट्राली से आवागमन कर रहे हैं, लेकिन यह ट्राली भी केबिल लूज होने से नीचे की ओर लटक गई है। इससे ट्राली खींचने में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही जान का जोखिम भी बना है। व्यापार मंडल अध्यक्ष हरीश बथियाल ने लोनिवि के जेई राजीव को इसकी सूचना दी गई। इसके बाद मौके पर आए विभागीय कर्मी बलवंत मेहता ने निरीक्षण के बाद जानकारी अधिकारियों को दी है। नाचनी व्यापार संघ सहित अन्य स्थानीय लोगों ने शीघ्र ट्राली का सुधार करने और नए झूला पुल का निर्माण करने की मांग की है।