थल (पिथौरागढ़)। जोहार घाटी के रीति-रिवाज और उसकी परंपरा विषय पर ऑनलाइन कला प्रतियोगिता हुई। इसमें मुनस्यारी की मिशिका दास्पा ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। शौका दिवस पर घोषित परिणामों में थल स्थित ससखेत गांव के कबीर जंगपांगी ने दूसरा और कनौली की तनीषा धर्मशक्तू ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। नमन गनघरिया, दिव्यांशु मर्तोलिया, अद्विका मर्तोलिया, छवि बड़वाल, दुर्गेश थापा, शुभराज को सांत्वना पुरस्कार के लिए चुना गया। बच्चों ने बढ़-चढ़ कर प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया। संयोजक चंद्र सिंह दास्पा ने बताया कि जोहार घाटी की सभ्यता और उसकी बोली भाषा से तीसरी पीढ़ी को रूबरू कराने के उद्देश्य से वह पिछले 10 वर्षों से प्रतियोगिता का आयोजन कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि विजेता प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र और इनाम भेजा जा रहा है।