धारचूला (पिथौरागढ़)। सीमांत क्षेत्र में मंगलवार की रात हुई तेज बारिश से चीन सीमा को जोड़ने वाली तवाघाट-लिपुलेख सड़क मलघाट पर भारी मलबा व बोल्डर गिरने से बंद हो गई है। तवाघाट-टनकपुर और सोबला सड़क भी कई जगहों पर बंद है। इसके अलावा एलगाड़ में जबर्दस्त भूस्खलन हुआ है।
क्षेत्र में बीती रात हुई तेज बारिश से चीन सीमा के गांवों को जोड़ने वाली सड़कें मलबा गिरने से फिर से बंद हो गई हैं। तवाघाट-सोबला सड़क पर कई जगहों पर मलबा और पत्थर गिरे हैं। इससे दारमा घाटी में गबला पूजा से लौट रहे ग्रामीणों को चार-पांच किमी पैदल चलना पड़ रहा है। व्यास घाटी की सड़क मलघाट में फिर से भारी मलबा गिरने से बंद हो गई है। यहां ग्रिफ की जेसीबी सड़क से मलबा हटाने में लगी है।
दोबाट और कूलागाड़ में भी पहाड़ से काफी मलबा व बोल्डर गिरे हैं। एलगाड़ में सड़क के नीचे जबर्दस्त भूस्खलन हुआ है। भूस्खलन से सेना के ट्रांजिट कैंप के भी भविष्य में खतरे की जद में आने की आशंका है। भूस्खलन से महिराज सिंह के टिनशेड को नुकसान पहुंचा है। पटवारी विनोद कुमार ने बताया कि सड़क खुलने के बाद स्थलीय निरीक्षण किया जाएगा। सड़क बंद होने से ऊपरी क्षेत्र के लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के चलते काली नदी का जलस्तर काफी बढ़ गया है।
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बनिक में भूस्खलन से थल-मुनस्यारी सड़क बंद
मुनस्यारी। क्षेत्र में भारी बारिश के चलते थल-मुनस्यारी सड़क एक बार फिर भारी भूस्खलन के चलते बनिक और रातिगाड में बंद हो गई है। बनिक में भारी भूस्खलन से सड़क खुलने में चार-पांच दिन का समय लग सकता है। मुनस्यारी में सामान की किल्लत अभी बनी हुई है। मंगलवार तक छोटे वाहनों से सब्जी, खाद्यान्न सहित अन्य जरूरी सामान भेजा जा रहा था। मलबा आने से सड़क के बनिक सहित कई स्थानों पर बंद होने से बुधवार को छोटे वाहनों से भी जरूरी सामान नहीं जा सका। एक सप्ताह से क्षेत्र में निर्माण सामग्री के वाहन भी नहीं जा पा रहे हैं। इसके चलते क्षेत्र में सरिया, सीमेंट उपलब्ध नहीं होने से निर्माण कार्य भी ठप हो गए हैं। धापा-मिलम सड़क सेनरगाड़ में फिर से बंद हो गई है। जौलजीबी-मुनस्यारी सड़क खुली होने से लोगों ने राहत की सांस ली है। संवाद
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सड़क बंद होने से स्कूल नहीं जा पाए बच्चे
नाचनी। भारी बारिश के चलते भूस्खलन होने से हरड़िया, नया बस्ती और रातिगाड़ में सड़क बंद हो गई है। मसूरीकांठा-होकरा, नाचनी- भैंसकोट, बांसबगड़-कोटा पंद्रपाला सड़क भी मलबा, बोल्डर गिरने से बंद हैं। भैंसखाल, रसियाबगड के तीन दर्जन विद्यार्थी हरड़िया के नया बस्ती और रातिगाड में सड़क बंद होने से नाचनी इंटर काॅलेज, प्राथमिक विद्यालय लोडियाबगड़ नहीं जा पाए। थल-मुनस्यारी सड़क शाम सात बजे बंद होकर बुधवार बारह बजे 17 घंटे बाद यातायात के लिए खुली। रातिगाड़ नाले का प्रवाह बहुत अधिक बढ़ने और सड़क पर मलबा पटने से पैदल आवाजाही भी बंद रही। क्षेत्र में इस सीजन की सबसे अधिक बारिश होने से रामगंगा, भुजगड़ और जाकुला नदी के साथ ही सभी गाड़-गधेरे उफान पर हैं। बंद सड़कों को खोलने के लिए लोनिवि औऱ पीएमजीएसवाई की जेसीबी लगी हैं। संवाद
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कहां कितनी बारिश
पिथौरागढ़ 7 मिमी
गंगोलीहाट 4 मिमी
बेड़ीनाग 12 मिमी
डीडीहाट 42.2 मिमी
मुनस्यारी 51.5 मिमी
धारचूला 30.2 मिमी
धारचूला में नाली बंद होने से गैस एजेंसी परिसर में भरा पानी
धारचूला (पिथौरागढ़)। मंगलवार की रात भारी बारिश के कारण नगर का पानी काली नदी किनारे स्थित नाली बंद होने से गैस एजेंसी कार्यालय परिसर में भर गया। इससे गैस वितरण का कार्य दो घंटे बंद रहा। परिसर में पानी जमा होने की सूचना गैस एजेंसी प्रबंधक विजय सिंह ने प्रशासन और पालिका को दी। सूचना पर एसडीएम दिवेश शाशनी भी मौके पर पहुंचे। स्टोर कीपर योगेंद्र सिंह, देवेंद्र सिंह ने बताया कि धारचूला बाजार की मुख्य नाली बंद होने से पानी गोदाम और कार्यालय में आ रहा है। एसडीएम ने संबंधित विभाग को नाली खोलने के निर्देश दिए। पालिका के कर्मचारियों ने दो घंटे की मेहनत के बाद चोक नाली खोली। पानी निकासी के बाद गैस एजेंसी कर्मचारियों ने राहत की सांस ली। संवाद
फोटो 23 पीटीएच 21 पी-धारचूला गैस एजेंसी में नाली बंद होने से भरा पानी। संवाद
अनियंत्रित होकर कार समाई नदी में, बाल बाल बचा चालक
लोहाघाट (चंपावत)। चंपावत-लोहाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग पर नानबोरी पुल पर एक कार अनियंत्रित होकर नदी में गिर गई। हादसे में कार चालक मामूली रूप से चोटिल हो गया। थाना प्रभारी मनीष खत्री ने बताया कि मंगलवार की रात करीब नौ बजे लोहाघाट से चंपावत की ओर जा रही कार (यूके 03 बी 0500) बलांई पुल के पास अनियंत्रित होकर करीब 20 मीटर नीचे नदी में जा गिरी। कार में सवार चालक कमल सिंह महर (25) पुत्र मोहन सिंह निवासी चंपावत को मामूली चोट आई। हादसे के बाद चालक स्वयं ही दुर्घटनाग्रस्त कार से निकलकर उप जिला अस्पताल पहुंचा। डॉक्टर ने प्राथमिक इलाज के बाद उसे छुट्टी दे दी। दुर्घटना में वाहन को काफी नुकसान पहुंचा है। संवाद
मलबे से हुए नुकसान की भरपाई की उठाई मांग
सामाजिक कार्यकर्ता टीकाराम ने एनएच के अधिशासी अभियंता को भेजा ज्ञापन
चंपावत। टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग की कटिंग के दौरान मलबा सीधे नीचे फेंकने से हुए नुकसान की भरपाई की मांग जोर पकड़ने लगी है। बुधवार को सामाजिक कार्यकर्ता टीकाराम भट्ट के नेतृत्व में वन पंचायत समिति के पदाधिकारियों की ओर से एनएच के अधिशासी अभियंता को ज्ञापन भेजा गया। इसमें कहा गया है कि सड़क कटिंग के दौरान बनलेख से अमोड़ी तक विभिन्न स्थानों पर कार्यदायी संस्था की ओर से मलबा सीधे सड़क से नीचे फेंक दिया गया है जिससे वन संपदा को काफी नुकसान हुआ है। इसमें कोट अमोड़ी, स्वांला और बस्तिया गूठ वन पंचायत को आठ करोड़ रुपये का नुकसान का अनुमान है। इसके साथ ही सिंचाई गूल, आम रास्ते, पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त होने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ज्ञापन में गिरीश भट्ट प्रकाश नट्ट शंकर भट्ट, मनीश भट्ट, योगेश भट्ट सहित अन्य लोगों के हस्ताक्षर हैं। संवाद
शेष बचे भू-कटाव वाले क्षेत्र में सुरक्षा दीवार बनाने की मांग
टनकपुर (चंपावत)। ग्राम पंचायत छीनीगोठ के ग्रामीणों ने हुड्डी नदी से हो रहे भू-कटाव की रोकथाम के उपाय किए जाने की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने बुधवार को विधायक प्रतिनिधि दीपक चंद रजवार के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है। इसमें कहा गया है कि छीनीगोठ तल्ली में हुड्डी नदी तेजी से भू-कटाव कर रही है। गांव के किसानों की काफी उपजाऊ भूमि कटाव की भेंट चढ़ चुकी है। उन्होंने ग्रामीण फकीर राम, मोहन बवाड़ी, किशोर कुमार, गोविंद सिंह और वाल्टर विलियम के मकान से लगे नदी क्षेत्र में भी जल्द सुरक्षा दीवार का निर्माण कराए जाने की गुहार लगाई है। ज्ञापन देने वालों में भाजपा युवा मोर्चा अध्यक्ष राजश चंद्र, मानदेव जोशी, निर्मिला देवी, गोविंद राम, उमेद सिंह आदि शामिल रहे। संवाद