गणाईगंगोली (पिथौरागढ़)। शिव मंदिर सिमाली में आयोजित भागवत कथा के चौथे दिन कृष्ण लीला का वर्णन किया गया।
कथा व्यास जयगोविंद दास ब्रह्मचारी ने कहा कि कथा श्रवण से मनुष्य के सभी पापों का नाश होता है। उन्होंने कहा कि भगवान कृष्ण ने अधर्म के नाश के लिए ही अवतार लिया। धर्म की रक्षा के लिए वह अर्जुन के सारथी बने। उन्होंने लोगों से धर्म के मार्ग पर चल सद्कार्य करने का आह्वान किया। कथा का समापन 22 जून को पारायण और भंडारे के साथ होगा। मंदिर कमेटी के सदस्यों ने क्षेत्र वासियों से अधिकाधिक संख्या में पहुंच कथा श्रवण कर प्रसाद ग्रहण करने का अनुरोध किया है।