संवाद न्यूज एजेंसी, डीडीहाट(पिथौरागढ़)। गलवां घाटी में हिंसक झपड़ के बाद भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने लिपुलेख में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। भारतीय वायु देना के जेट फाइटर ने शनिवार की सुबह सीमा के निकट आसमान में उड़ान भरी। सीमा पर तनाव को देखते हुए छुट्टी पर घर आए भारतीय सेना के जवानों व अधिकारियों की छुट्टी भी रद्द कर दी गई है।
भारत-चीन सीमा के लीपूलेख में तैनात भारतीय सुरक्षा बलों के जवानों को वायुसेना की मदद मिलनी शुरु हो गई है। 15 व 16 जून को लद्दाख के गलवान घाटी में 20 भारतीय जवानों की शहादत के बाद से सीमा पर तनाव बढ़ गया है। 20 दिन पूर्व चीनी सुरक्षा बलों के द्वारा लीपूलेख में बनी भारतीय टिन सेट को हटाने की चेतावनी लिखा बैनर लहराने के बाद से ही आईटीबीपी व भारतीय सेना ने नाभीढांग से लीपूलेख तक गश्त तेज कर दी है।
शनिवार को लीपूलेख सीमा के निकट भारतीय वायुसेना के फाइटर जेट उड़े। शनिवार सुबह 8:55 बजे से 9:15 तक चीन सीमा पर भारतीय फाइटर जेट नजर आए। इसके अलावा सीमा पर तनाव को देखते हुए छुट्टी पर घर पहुचे भारतीय सेना के जवानों व अधिकारियों की छुट्टी भी रद्द कर दी गई है। सभी को जल्दी से जल्दी अपने अपने बटालियनों में उपस्थिति देने के आदेश जारी कर दिये हैं। वही नेपाल सीमा पर भी हाई अलर्ट जारी होने के बाद एसएसबी ने चप्पे चप्पे पर अपने जवानों की तैनाती कर दी है।