गंगोलीहाट/पिथौरागढ़। फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी को महाकाली मंदिर और पुरानी बाजार में होली की चीर बांधी गई। एकादशी के दिन रंग पड़ते ही समूचे कुमाऊं में खड़ी होली का गायन शुरू हो जाएगा।
मंदिर के पुरोहित पंकज पंत एवं दीप पंत ने सोमवार को शुभ मुहूर्त में विधि-विधान और मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना कराई। उसके बाद कई गांवों से आए लोगों ने चीरबंधन कार्यक्रम शुरू किया। अन्य गांवों में दो मार्च को दशमी और एकादशी तिथि के मिलन पर चीर बांधी जाएगी। इसी के साथ रंग की होली शुरू हो जाएगी। परंपरा के अनुसार पहले विष्णुपद की खड़ी और बैठकी होली के गीत गाए जाएंगे।
इधर पिथौरागढ़ के पुरानी बाजार में भी चीरबंधन किया गया। होली कमेटी के अध्यक्ष त्रिभुवन लाल शाह के नेतृत्व में होल्यार होली सिद्धि के दाता विघ्न विनाशन, होली खेले गिरिजापति नंदन और कैलाश में बस गए देव निरंजन अमर कथा शिव शंकर की गाते हुए हुए चीर के लिए पेड़ लेने उत्तर दिशा को गए। बाद में विधि-विधान के साथ चीर बांधी गई।
चीर बंधन के साथ ही यहां रात को खड़ी होली गायन शुरू हो जाएगा। इस मौके पर सूरज जंग, कैलाश जोशी, हर्षवर्द्धन, भुवन शाह, अनिल महरा, कविंद्र शाह, अमित कुमार, मिक्की शाह, भुवन जोशी, अकबर खान, अनूप शाह, अशोक पंत, गिरीश जोशी, नवीन जोशी आदि मौजूद थे।