जाराजिबली गांव तक बिजली पहुंचाने के लिए आठ माह पहले जिन पोलों को लाया गया था वह अभी भी बांसबगड़ के पास सड़क के किनारे पड़े हुए हैं। गांव के लोगों ने इस लापरवाही को लेकर गहरा आक्रोश है। बताया गया है कि ठीक उपचुनाव से पहले जाराजिबली गांव को बिजली देने के मकसद से बिजली के पोल पहुंचाए गए थे। अब तक विभाग ने न तो इन पोलों को लगाने का काम किया है और न बिजली की लाइन खींचने की कोई तैयारी है। अब लोग खुद को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि उपचुनाव के समय लोगों को धोखे में रखने के लिए यह काम किया गया था। इधर, विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता सीएस बसनेत का कहना है कि बिजली के पोल लगाने का काम जल्दी शुरू होगा और जाराजिबली गांव को बिजली दी जाएगी। भाजपा ने लोगों के साथ किए धोखे पर कड़ी प्रतिक्रिया की है और राज्यपाल को ज्ञापन भेजकर मामले में हस्तक्षेप की मांग की है। भाजपा ब्लाक प्रभारी जगत मर्तोलिया ने कहा है कि कांग्रेस के नेताओं ने जाराजिबली के लोगों के साथ सरासर धोखा किया है। आठ माह से पोल सड़क किनारे पड़े हुए हैं लेकिन इनका कोई सुधलेवा नहीं है।