ाइटेंशन लाइन की चपेट में आने से जले व्यक्ति का शव और आसपास लगी आग। संवाद
बंंगापानी (पिथौरागढ़)। बकरी चुगाने जंगल गए एक बुजुर्ग हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से जिंदा जल गए। उनकी दो बकरियां भी जली हालत में मिली। घटना से क्षेत्रवासियों में ऊर्जा निगम के खिलाफ नाराजगी है।
बंगापानी तहसील के शिलिंग सेरा गांव निवासी देव सिंह (62) पुत्र चंद्र सिंह महर बुधवार सुबह सात बजे बकरी चुगाने जंगल गए थे। जब वह दोपहर दो बजे तक घर नहीं आए तो परिजनों ने उनकी खोजबीन की। जंगल में बिजली की हाईटेंशन लाइन के पोल के पास उनका अधजला शव मिला। जलने के कारण सिर, धड़ से अलग हो गया था। मौके पर दो बकरियां भी जली थीं।
मौके पर 11 केवी की लाइन का जंपर पोल के स्टेक को छू रहा था। उसी से फैले करंट की चपेट में आने से यह हादसा हुआ। देर शाम राजस्व उपनिरीक्षक प्रदीप चंद्र जोशी, मदकोट चौकी पुलिस और ऊर्जा निगम के अधिकारी मौके पर पहुंचे। इस दौरान मृतक के परिजनों ने गहरी नाराजगी जताई। देर शाम तक पंचनामे की कार्रवाई चल रही थी।
करंट फैलने की सूचना के बाद भी नहीं दिया ध्यान
बंगापानी (पिथौरागढ़)। ग्रामीणों के अनुसार पूर्व में भी इस स्थान पर करंट लगने से एक बकरी की मौत हुई थी। इसकी सूचना ग्रामीणों ने विभाग को दी थी लेकिन विभाग ने इस ओर से कोई ध्यान नहीं दिया। मृतक के भाई कुंदन सिंह और ग्रामीण मनोज सिंह महर सहित अन्य ग्रामीणों का कहना है विभाग की उदासीनता के कारण यह हादसा हुआ है। उन्होंने मामले की जांच कर मृतक के परिजनों को उचित मुआवजा देने की मांग की है।
बुजुर्ग के करंट की चपेट में आने की सूचना के बाद टीम मौके पर भेजी गई है। पोल के जंपर के स्टेक को छूने से करंट लगने की बात सामने आ रही है। जांच के बाद मृतक के परिजनों को मुआवजा दिया जाएगा। इस तरह के हादसे न हों इसके लिए बिजली की लाइनों की जांच की जाएगी। -गिरीश चंद्र, एसडीओ यूपीसीएल मुनस्यारी