नामकरण के जश्न से लौटने के बाद दिया है हत्या को अंजाम
बताया जा रहा है बेड़ा गांव में रात में हुए नामकरण के जश्न (ठुल खेल, झोड़ा चांचरी, नृत्य) के लिए चनर राम गए थे। अनुमान लगाया जा रहा है कि शराब के नशे में विवाद होने के बाद अज्ञात व्यक्तियों ने चनर राम को मौत के घाट उतारा और शव पानी की टंकी के पास फेंक दिया। जिस स्थान पर शव को फेंका गया था वहां चारों ओर खून फैला था।
मां के बाद दो बच्चों के सिर से पिता का भी साया उठा
बेड़ा गांव निवासी चनर राम की मौत से उसके दो नाबालिग बच्चे अनाथ हो गए हैं। पहले मां और अब पिता की मौत से बेसहारा हुए दोनों बच्चों का भविष्य भी अंधकारमय हो गया है। दोनों बच्चे गहरे सदमे में हैं। चनर राम की पत्नी की तीन साल पहले मौत हो गई थी। उसके दो बच्चे हैं जिनमें से एक कक्षा 10 जबकि दूसरा कक्षा सात में पढ़ता है। तीन साल पहले पत्नी की मौत होने के बाद वही मेहनत मजदूरी कर दोनों बच्चों का भरण पोषण करता था। अभी छोटे बच्चे मां की मौत के गम को भूले भी नहीं थे कि पिता का साया भी उनके सिर से उठ गया। इस घटना से दोनों बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजन दिन भर बच्चों को सांत्वना देते रहे। मृतक के भाई रमेश राम सहित सभी परिजनों ने राजस्व पुलिस से मामले की जांच कर हत्या के आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
प्रथमदृष्ट्या हत्या लग रही है। मृतक के भाई ने भी अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या की तहरीर दी है। मामले की जांच की जा रही है। तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है जिनसे पूछताछ की जा रही है।
- पंकज चंदोला, तहसीलदार पिथौरागढ़।