देवलथल के चौपाता में घास के लुट्टों में लगी आग
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देवलथल के चौपाता गांव में भीषण आग लगने से घास के 40 लुट्टे (ढेर) जल गए। आग से मकानों के लिए भी खतरा पैदा हो गया था। फायरब्रिगेड बुलाकर आग पर 6 घंटे बाद काबू पाया जा सका। अग्निकांड में पशुपालकों को करीब दो लाख लाख रुपये का नुकसान हुआ है।
देवलथल के चौपाता गांव में शनिवार शाम करीब सात बजे हनुमान सिंह के सूखी घास के लुट्टों में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने नरेंद्र सिंह, शेर सिंह, भवान सिंह, होशियार सिंह, ललिता देवी के घास के लुट्टों को अपनी चपेट में ले लिया। आग लगने से गांव में अफरा-तफरी फैल गई। गांव के लोगों ने आग पर काबू पाने का काफी प्रयास किया, लेकिन आग बुझने के बजाए और बढ़ती गई, इससे चार-पांच आवासीय मकानों के लिए खतरा पैदा हो गया था। गांव के लोगों ने देवलथल तहसील, थल पुलिस और फायरब्रिगेड को आग लगने की सूचना दी।
देवलथल तहसील के कर्मचारी और थल थाने से पुलिस टीम मौके पर पहुंची। करीब दो घंटे बाद दमकल वाहन मौके पर पहुंचा। दमकल वाहन से आग बुझाई जा रही थी कि उसमें पानी समाप्त हो गया। दूसरा दमकल वाहन मंगाया गया। आधी रात के बाद करीब एक बजे आग पर काबू पाया जा सका। गांव के लोगों का कहना है कि दमकल वाहन में पर्याप्त पानी होता तो आग पर पहले काबू पाया जा सकता था। आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका।