पिथौरागढ़ सीएमओ कार्यालय में धरना-प्रदर्शन करते कांग्रेस कार्यकर्ता। संवाद न्यूज एजेंसी
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पिथौरागढ़। बीते दिनों जिला महिला अस्पताल से रेफर नवजात की हल्द्वानी में मौत और प्रसव पीड़िता के साथ हुई अभद्रता का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग को लेकर सीएमओ कार्यालय में धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने मामले में शीघ्र कार्रवाई नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
बृहस्पतिवार को कांग्रेस कार्यकर्ता पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश पंत के नेतृत्व में सीएमओ कार्यालय में एकत्र हुए जहां उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ नारे लगाकर प्रदर्शन किया। कहा कि पूरे मामले की 10 दिनों में निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने अस्पताल में ड्यूटी के समय कर्मचारियों को नेम प्लेट लगाना अनिवार्य करने की भी मांग की। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि सरकार की ओर से खून और अन्य जांचों के लिए अधिकृत पैथोलॉजी की जांचों में शिकायतें आ रही है। पंत ने कहा कि पूर्व में भी इस तरह की घटनाएं होती रही हैं और कार्रवाई के नाम पर सिर्फ जांचें बिठा दी जाती है।
कांग्रेस के पूर्व नगराध्यक्ष पवन पाटनी और निशिद उप्रेती ने भी पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की मांग की। पूर्व जिला पंचायत सदस्य जगदीश कुमार ने अस्पताल में जांच के नाम पर महंगे टेस्ट और दवाएं मंगाने पर रोक लगाने की मांग की। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने सीएमओ के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी दिया। सीएमओ डॉ. एचएस ह्यांकी ने जांच कमेटी के माध्यम से रिपोर्ट शीघ्र सार्वजनिक करने और ड्यूटी पर तैनात चिकित्साकर्मियों की नेम प्लेट लगाने की बात कही। इस दौरान नितेश कुमार, उमेश जोशी, जीत शर्मा, जगदीश बिष्ट, प्रयाग राज, रोहित कुमार आदि थे।