देवलथल (पिथौरागढ़)। उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (एसएलएसए) के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण पिथौरागढ़ ने रविवार को राजकीय इंटर कॉलेज देवलथल में वृहद बहुउद्देश्यीय विधिक चिकित्सकीय जागरूकता एवं साक्षरता शिविर लगाया। इसमें उच्च न्यायालय नैनीताल के न्यायमूर्ति मनोज तिवारी ने लोगों को प्राधिकरण के काम बताए। उन्होंने कहा कि न्याय को और अधिक सरल और सुगम बनाने के लिए विधिक सेवा प्राधिकरण का गठन किया गया है। इसका उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग को न्याय के लिए समान अवसर उपलब्ध करा सबके लिए समान न्याय की व्यवस्था करना है।
कार्यपालक अध्यक्ष न्यायमूर्ति तिवारी ने कहा कि अगर किसी के पास पैरवी के लिए अधिवक्ता नहीं है तो वह जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) में पत्र दे सकता है जिससे उसे निशुल्क अधिवक्ता मिल सके। इसके बाद उन्होंने जरूरतमंदों को हंस फाउंडेशन, कोटद्वार के सहयोग से सात व्हीलचेयर, 45 बैसाखी, कान की 55 मशीन प्रदान की। अर्पण संस्था अध्यक्ष रेनू ठाकुर ने राजी जनजाति की महिलाओं की कमजोर स्थिति बताई। इन महिलाओं को कुदाल एवं मड़वे का बीज बांटा गया।
चिकित्सा विभाग ने एक विकलांगता प्रमाणपत्र, 55 व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण कर निशुल्क दवा बांटी। पशुपालन विभाग ने पशुओं के उपचार के लिए 14 पैकेट दवा बांटी। कृषि एवं भूमि संरक्षण कार्यालय ने पीएम किसान, कृषि यंत्रीकरण में 15 कृषकों को लाभ प्रदान किया। समाज कल्याण, उद्यान, महिला सशक्तीकरण, सीएचसी देवलथल, राजस्व विभाग, ग्राम विकास विभाग ने स्टाॅल लगाकर जानकारी दी।
शिविर में जिला जज शंकर राज, डीएम रीना जोशी, सीडीओ वरुण चौधरी, एसपी लोकेश्वर सिंह, एसडीएम डीडीहाट अबरार अहमद, डीएलएसए की सचिव विभा यादव, सीनियर सिविल जज आरती सिरोहा, सीजेएम संजय सिंह, सिविल जज डीडीहाट अवंतिका सिंह चौधरी, सीएमओ एचएस ह्यांकी, बार एसोसिएशन डीडीहाट के अध्यक्ष आरएस चौहान आदि रहे। इससे पूर्व अतिथियों का जोरदार स्वागत किया गया। राइंका देवलथल की छात्राओं ने पारंपरिक परिधानों में स्वागत किया। छात्रों ने छलिया नृत्य प्रस्तुत किया। एनसीसी कैडेट और शिक्षकों ने भी आयोजन में सहयोग किया।