पिथौरागढ़ के धारचूला में व्यास घाटी स्थित आदि कैलाश और ओम पर्वत यात्रा के लिए मंगलवार से सिंगल विंडो सिस्टम के जरिये पास जारी किए जाएंगे। ज्योलिंगकांग स्थित शिव-पार्वती मंदिर के कपाट एक मई को विधि-विधान के साथ खोले जाएंगे। इसी के साथ इस सीजन की यात्रा शुरू हो जाएगी।
आदि कैलाश, ओम पर्वत की यात्रा को लेकर क्षेत्र के होटल व्यवसायियों के साथ ही होम स्टे, टैक्सी संचालकों के चेहरे भी खिले हुए हैं। व्यास घाटी के होम स्टे संचालक अपने-अपने गांवों में पहुंच अपने आवासों को दुरुस्त करने के साथ ही यात्रियों के स्वागत में जुट गए हैं। कुटी गांव में वर्षों से यात्रियों की सेवा में जुटे कुंवर सिंह कुटियाल और गुलाब सिंह कुटियाल ने बताया कि यात्रियों ने पहले से ही होम स्टे बुक कराया है। अब उनके यहां पहुंचने का इंतजार है।
गुंजी गांव की अर्चना गुंज्याल और बीडीसी प्रियंका गुंज्याल ने बताया कि यात्रा शुरू होने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि घाटी के अधिकांश लोग अपने-अपने गांवों में पहुंच गए हैं। नाभी गांव के होम स्टे संचालक और प्रधान सनम नबियाल ने बताया कि ओम पर्वत बर्फ से लकदक है। उन्होंने यात्रियों से उच्च हिमालयी क्षेत्र में कूड़ा-करकट नहीं फैलाने और प्राकृतिक सौंदर्य के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ नहीं करने का अनुरोध किया जाएगा।