पौड़ी। कल्जीखाल ब्लॉक के पश्चिमी मनियारस्यूं पट्टी के 5 -6 गांवों में भालू की दहशत बरकरार है। मवेशियों को भालू के हमले से बचाने के लिए अब ग्रामीणों को खुद रतजगा करना पड़ रहा है। भालू का सबसे अधिक दहशत थापला, बड़कोट और अमतोला आदि गांवों में है। पट्टी के थापला, बड़कोट, अमतोला, उजेड़गांव, सिमल्या, पाबौ आदि गांवों में भालू ने आतंक मचा रखा है। इन क्षेत्रों में भालू अभी तक 10 से 12 मवेशियाें पर हमला कर उन्हें निवाला बना चुका है। थापला के पूर्व प्रधान राकेश कुमार व सामाजिक कार्यकर्ता जगमोहन डांगी ने बताया कि बीते शुक्रवार रात को गांव के निचले हिस्से में भालू दिखा। इसके बाद ग्रामीणों ने पूरी रात गांव में रतजगा कर गश्त दी। ग्रामीण लाठी और डंडों को लेकर मवेशियों की सुरक्षा में तैनात रहे। बताया कि ग्रामीणाें में भालू की दहशत बनी हुई है। पूर्व में वन विभाग की टीम द्वारा भालू को भगाने के लिए पटाखे आदि जलाने के सुझाव तो दिए गए, लेकिन इसके बाद भी भालू ने क्षेत्र में आतंक मचाया है। भालू देर रात गोशालाओं की छत व दरवाजे तोड़कर मवेशियों को मार रहा है। उन्होंने जिला प्रशासन से मदद की गुहार लगाई है। वहीं अदवानी बीट के वनबीट अधिकारी हिमांशु नेगी ने बताया कि विभागीय टीम द्वारा क्षेत्र में गश्त जारी है। संवाद