पौड़ी। गो पालन योजना का दायरा बढ़ाते हुए प्रदेश सरकार ने अब सामान्य वर्ग के पशुपालकों को भी इसमें शामिल कर लिया है। इससे अनुसूचित जाति-जनजाति के साथ सामान्य वर्ग के पशुपालक भी योजना के तहत गो-भैंस की यूनिट स्थापित कर अनुदान का लाभ ले सकेंगे। सीवीओ डॉ. विशाल शर्मा ने बताया कि पहले योजना का लाभ केवल अनुसूचित जाति-जनजाति के पशुपालकों को मिलता था। योजना के तहत एक गो-भैंस यूनिट की लागत अधिकतम 60 हजार रुपये निर्धारित है। अनुसूचित जाति-जनजाति के लाभार्थियों को लागत का 90 प्रतिशत यानी अधिकतम 54 हजार रुपये अनुदान मिलेगा, जबकि 10 प्रतिशत यानी छह हजार रुपये लाभार्थी अंश होगा। सामान्य वर्ग के पशुपालकों को 75 प्रतिशत यानी अधिकतम 45 हजार रुपये अनुदान और 25 प्रतिशत यानी 15 हजार रुपये लाभार्थी अंश देना होगा। संवाद