किच्छा। तीन बीघा जमीन अपने भाइयों के नाम कराने की सोचने पर डंडों से पीट-पीटकर दिव्यांग किसान की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी पत्नी और पुत्र को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने हत्यारोपी मां-बेटे को कोर्ट में पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
दरऊ रोड निवासी दिव्यांग किसान दिलेर सिंह (42) की हत्या 23 अगस्त को हुई थी। ग्राम छिनकी निवासी उसके भाई निशान सिंह ग्राम छिनकी निवासी ने कोतवाली में तहरीर दी थी। इसमें बताया कि उसका भाई दिलेर सिंह (42) बाएं हाथ से दिव्यांग था। वह अपनी पत्नी परमजीत कौर, पुत्र सुरेंद्र सिंह, पुत्री मनप्रीत कौर, खुशप्रीत कौर के साथ रहता था। इस तहरीर के आधार पर पुलिस ने परिजनों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
सितारगंज के सीओ ओमप्रकाश ने शनिवार को कोतवाली में इस घटना का खुलासा किया। बताया कि दिलेर के दो भाई और हैं। परमजीत कौर को शक था कि दिलेर अपने हिस्से की तीन बीघा जमीन अपने बड़े भाई निशान सिंह को देना चाहता था। इस जमीन की रजिस्ट्री करने की तैयारी के शक में परमजीत ने अपने पति दिलेर को घर के ही एक कमरे में बंद कर दिया। दिलेर ने 23 अगस्त को उस कमरे की खिड़की की जाली काटकर भागने का प्रयास किया तो परमजीत कौर और उसके बेटे सुरेंद्र ने लकड़ी के डंडे से पीट-पीट दिया जिससे घायल दिलेर ने दम तोड़ दिया।
सबूत मिटाने के लिए दिलेर के रक्तरंजित कच्छे को जलाकर तकिये पर कवर चढ़ाने का भी आरोप है। पुलिस ने परमजीत की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त डंडा, जला कच्छा, तकिया बरामद किया। सीओ ने बताया कि गैर इरादतन हत्या की धारा को धारा 302, 201 में बदला गया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।