सोमेन ने कालाढूंगी में विद्यार्थियों से साझा किए अनुभव
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साइकिल के सहारे दुनिया के 191 देशों की यात्रा कर चुके पश्चिम बंगाल के सुंदरबन निवासी सोमेन देवनाथ इन दिनों फिर साइकिल पर हैं। इस बार उनका सफर दुनिया नहीं, बल्कि अपना देश है। कालाढूंगी पहुंचने पर उन्होंने विद्यार्थियों से संवाद कर अपनी लंबी विश्व यात्रा के अनुभव साझा किए और पर्यावरण संरक्षण, स्वस्थ जीवनशैली, सामाजिक एकता व युवा शक्ति का संदेश दिया।
सोमेन देवनाथ ने 27 मई 2004 को साइकिल से अपना अभियान शुरू किया था। शुरुआत में उन्होंने एचआईवी/एड्स के प्रति जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से भारत और पड़ोसी क्षेत्रों की यात्रा की। इसके बाद 2006 में उन्होंने साइकिल से विश्व भ्रमण का अभियान शुरू किया। करीब 19 वर्षों के दौरान उन्होंने 191 देशों की यात्रा की और लगभग दो लाख किलोमीटर की दूरी तय की। 17 दिसंबर 2023 को वह पश्चिम बंगाल के बसंती स्थित अपने घर लौटे। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार उनकी यात्रा दुनिया के सातों महाद्वीपों और विभिन्न द्वीपीय क्षेत्रों तक पहुंची।
इस दौरान देबनाथ ने स्कूलों, कॉलेजों और सामाजिक संस्थाओं में एचआईवी/एड्स जागरूकता का संदेश दिया। यात्रा में उन्हें कई कठिन परिस्थितियों का भी सामना करना पड़ा। अफगानिस्तान में तालिबान द्वारा हिरासत में लिए जाने, अंटार्कटिका की बर्फ पर साइकिल चलाने और कोरोना काल जैसी परिस्थितियों के अनुभव उन्होंने विद्यार्थियों के साथ साझा किए।
अब वह 'रीयूनियन भारत-वन ट्री, वन लाइफ, इंडियन यूथ एंड स्पोर्ट्स' अभियान के तहत 28 राज्यों और पांच केंद्र शासित प्रदेशों की साइकिल यात्रा कर रहे हैं। अभियान का उद्देश्य पर्यावरण, युवा, खेल और सामाजिक एकता के प्रति जागरूकता फैलाना है। विद्यार्थियों ने उनकी यात्रा से जुड़े अनुभवों को उत्सुकता से सुना और उनसे विभिन्न सवाल भी पूछे।