नैनीताल। नगर के बहुप्रतीक्षित बलियानाला का सुरक्षा कार्य शुरू हो चुका है लेकिन इससे प्रभावित जीआईसी के विद्यार्थियों के पठन-पाठन के लिए अब तक कोई इंतजाम नहीं किए जा सके हैं। जीआईसी शिफ्टिंग भी अभी अधूरी है। जबकि एक फरवरी से स्कूल खुलने हैं और 15 फरवरी तक बोर्ड परीक्षार्थियों के प्रैक्टिकल तथा नौ फरवरी से पूर्व प्री बोर्ड की परीक्षाएं भी कराई जानी हैं।
बता दें कि बीते कई वर्षों से बलियानाला की सुरक्षा का कार्य बहुप्रतीक्षित था। सुरक्षा कार्य के सर्वे व विशेषज्ञों की राय के क्रम में सुरक्षा कार्य से पूर्व जीआईसी परिसर से मार्ग बनना था। इसके चलते विद्यालय का विस्थापन पहली प्राथमिकता थी। इधर केंद्र व प्रदेश स्तर की स्वीकृति के बाद सुरक्षा कार्य के मद्देनजर जीआईसी के भवन का धवस्तीकरण व मार्ग निर्माण कार्य शुरू हो चुका है लेकिन विद्यालय शिफ्टिंग की तैयारियां अधूरी हैं। विद्यालय प्रबंधन को भी पता नहीं कि एक फरवरी से कक्षाएं कहां संचालित होंगी।
न रेलिंग बनी, न कमरे ठीक हुए
नैनीताल। बीते लगभग पांच दिनों से जीआईसी कार्यालय व नीचे स्थित भवनों का सामान इंटरमीडिएट ब्लाॅक में रखा जा रहा है। इंटरमीडिएट भवन के बाहर की रेलिंग क्षतिग्रस्त है, जिसके कारण कभी भी हादसा हो सकता है। विद्यालय के कक्ष के शीशे टूटे हैं तथा सामान भी बेतरतीब पड़ा हुआ है। कुछ दरवाजे भी खस्ताहाल हैं तो शौचालय भी बदहाल अवस्था में हैं। 25 दिसंबर से 31 जनवरी के शीतावकाश के बाद एक फरवरी को विद्यालय खुल रहा है। विद्यालय प्रबंधन के मुताबिक शिफ्टिंग से पूर्व सुरक्षा रेलिंग, शौचालय आदि मरम्मत की जानी थी। लेकिन कल विद्यालय खुलना है और उक्त कार्य होना संभव नहीं है।
आदेश जीजीआईसी का सामान जीआईसी में
नैनीताल। प्रशासन व विद्यालय प्रबंधन के मुताबिक शासन स्तर से विद्यालय को जीजीआईसी में शिफ्ट किया जाना है। वर्तमान में विद्यालय बंद है इसलिए सामान जीआईसी इंटरमीडिएट ब्लॉक में रखा गया है। जीजीआईसी सीबीएसई पैटर्न है, जबकि जीआईसी उत्तराखंड बोर्ड। ऐसे में एक साथ पढ़ाई संभव नहीं है।