कालाढूंगी। सप्ताहभर बीतने के बाद भी कालाढूंगी में तेंदुए का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। बृहस्पतिवार को कालाढूंगी नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों के तमाम लोग कालाढूंगी रेंज कार्यालय पहुंचे और वन विभाग के खिलाफ प्रदर्शन कर धरना दिया। प्रदर्शनकारी तेंदुए से निजात दिलाओ, हमारी सुरक्षा करो के नारे लगा रहे थे। अधिकारियों व जनप्रतिनिधियाें ने गुस्साए लोगों को गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरों की संख्या बढ़ाने का आश्वासन देकर बमुश्किल शांत किया।
गुस्साए लोगों ने आरोप लगाया कि तेंदुए के हमले की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं लेकिन वन विभाग के अधिकारी इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। लोगों का कहना था कि जहां तेंदुए के आने की सूचना मिल रही है वहां भी पिंजरे लगाए जाएं, क्षेत्र में वन कर्मियों की गश्त बढ़ाई जाए। ब्लाॅक प्रमुख रवि कन्याल ने कहा कि कालाढूंगी नगर के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में तेंदुए लोगों पर झपट रहे हैं। आबादी के निकट जंगल की झाड़ियां नहीं काटी जाती, पिंजरों और गश्त कर्मियों की संख्या नहीं बढ़ाई गई तो पूरे ब्लाॅक के ग्रामीणों के साथ यहां धरना- प्रदर्शन किया जाएगा। नगर पंचायत अध्यक्ष पुष्कर कत्यूरा ने कहा कि ग्रामीणों की मांग को देखते हुए वन विभाग को त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए, अन्यथा यहां फिर कोई घटना घट सकती है।
इधर रेंज अधिकारी मुकेश जोशी ने कहा कि गश्त करने वाले कर्मियों को बढ़ाने के साथ ही अन्य क्षेत्र में भी पिंजरे लगाने की व्यवस्था की जाएगी। इस दौरान राजेंद्र सिंह गैड़ा, अर्णव कंबोज, रोहित बुधलाकोटी, केसर सिंह अधिकारी, बीना जनौटी, विनोद पांडे, सागर जोशी, पूनम आर्या, मयंक गुप्ता, तारा कलाकोटी, रईस भारती, दमयंती नेगी, जानकी भट्ट, कृपाल सिंह बिष्ट, जनार्दन पांडे, हेमा देवी, दमयंती मंगोलिया, मुकेश, पान सिंह आदि मौजूद थे।