नवमी के दिन लोगों ने कन्या पूजन ना के बराबर किया। इसके एवज में उन्होंने घर में हवन पूजन कर पकवानों को गाय को खिलाया। कन्याएं जरूर लोगों के घरों के बाहर दिखी, लेकिन लोगों ने भारी से उन्हें दान दक्षिणा देकर विदा किया।