नैनीताल। हाईकोर्ट ने पतंजलि भारतीय आयुर्विज्ञान एवं अनुसंधान संस्थान को बीएएमएस पाठ्यक्रम के 24 छात्रों को डिग्री प्रमाणपत्र और अन्य दस्तावेज देने का आदेश दिया है। न्यायाधीश रवींद्र मैठाणी की एकलपीठ ने संस्थान से पूछा कि किस हैसियत से और कानून के प्रावधानों के तहत छात्रों को डिग्री और अन्य दस्तावेज नहीं दिए गए।
संस्थान की एकता जोशी सहित 24 छात्रों ने 2015 में बीएएमएस पाठ्यक्रम में दाखिला लिया। अक्तूबर 2015 में इस संबंध में जारी एक सरकारी आदेश के बाद उनकी फीस में वृद्धि की गई थी। हालांकि, सरकार ने अगस्त 2016 में स्पष्ट किया कि जीओ भावी छात्रों पर लागू नहीं होगा। ये छात्र उच्च न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद ही परीक्षा में शामिल हो पाए थे।