नैनीताल। कुमाऊं विश्वविद्यालय की 5 यूके नेवल सब यूनिट एनसीसी ने द हर्मिटेज में ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर जागरूकता एवं स्मृति कार्यक्रम आयोजित किया। इस दौरान कैडेट्स ने भारतीय सेना के शौर्य को याद किया। मुख्य अतिथि नैनीताल ग्रुप एनसीसी के ग्रुप कमांडर कमोडोर रिची रंजन ने कहा कि सेना वैश्विक शांति और मानवीय सहायता में अग्रणी है। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को भारतीय सेना के अदम्य साहस का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। कमांडिंग ऑफिसर कैप्टन मृदुल साह ने कैडेट्स को अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा का पाठ पढ़ाते हुए जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित किया। सब लेफ्टिनेंट रीतेश साह ने इस अभियान को सशस्त्र बलों की रणनीतिक दक्षता का प्रतीक बताया। उन्होंने कैडेट्स से राष्ट्र सेवा की भावना अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में कैडेट्स ने ऑपरेशन सिंदूर की थीम पर समूह गीत और नृत्य प्रस्तुत किए। संवाद