बजूठिया गांव में बहते पानी से रोजगार की आस..
राष्ट्रीय कृषि विभाग की योजना के तहत गांव में सीमेंटेड चैकडैम, सिंचाई टैंक और खेतों की तारबाड़ हुई
संवाद न्यूज एजेंसी
हल्द्वानी। कृषि विभाग ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत बजूठिया गांव के किसानों की आमदनी को बढ़ाने का जरिया तैयार किया। चयनित गांव में सीमेंटेड चैकडैम, सिंचाई टैंक तो बनाए ही जंगली जानवरों से रक्षा के लिए खेतों की तारबाड़ भी की। वर्तमान में इस गांव के किसान खेतों में तैयार सब्जी और फल मंडी तक लाते हैं और उन्हें अच्छा रोजगार भी मिल रहा है।
विकास भवन भीमताल से 33 किमी दूर रामगढ़ ब्लाक में बजूठिया गांव है। गांव में 32 परिवार रहते हैं। किसानों के पास खेत खलिहान होने के बावजूद पानी की कमी बनी रहती और पानी के लिए उन्हें दूर गधेरों और जल स्रोतों की ओर दौड़ लगानी पड़ती थी। ऊपर से जंगली जानवरों के आतंक के कारण खेती को काफी नुकसान पहुंच रहा था। करीब तीन साल पहले विभाग ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत इस गांव का चयन किया और यहां सीमेंटेड चार चैकडैम, सिंचाई टैंक और सिंचाई पंप लगाए। किए। जिससे गांव के हर घर में पानी भी आने लगा और खेतों में सिंचाई भी होने लगी। इसके अलावा जंगली जानवरों से फसल को बचाने के लिए गांव में 3215 मीटर की घेरबाड़ भी की। उद्यान विभाग ने भी पालिहाउस लगाए और फल- फूल के पौधे ग्रामीणों को उपलब्ध कराए।
गांव के युवा किसान प्रेम सिंह नेगी ने बताया कि कृषि और उद्यान विभाग की योजना के बाद घरों में और खेतों में पर्याप्त पानी है। गांव के लोग बड़ी मात्रा में सब्जी और फल उत्पादन कर मंडी बेचने जाते हैं और अच्छी आय प्राप्त कर रहे हैं। हालांकि बारिश की कमी के कारण कुछ दिक्कतें भी हो रही हैं।
इधर मुख्य कृषि अधिकारी धनपत कुमार ने बताया कि बजूठिया गांव की मिट्टी उपजाऊ है यहां पानी तो था लेकिन बहता हुआ पानी ग्रामीण उपयोग में नहीं ला पा रहे थे। जंगली जानवरों के कारण खेती भी बर्बाद हो रही थी। योजना के तहत काम किया गया। वर्तमान में फल सब्जी उत्पादन का अच्छा केंद्र बन गया है।
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अमित
फ़ोटो- ऐप से
बजूठिया गांव।
- फोटो : Amar Ujala
बजूठिया गांव।