गुरु और शिष्य के रिश्ते को शर्मसार करते हुए एक शिक्षक ने सोमवार को नौवीं की छात्रा को कार से अगवा कर लिया। छात्रा ने मदद की गुहार लगाई तो कुछ लोगों ने कार का पीछा कर शिक्षक को पकड़ लिया। कमलुवागांजा तिराहे पर शिक्षक को कार से खींचकर पीटा गया और कार में पथराव कर तोड़फोड़ कर दी।
पुलिस ने छेड़खानी और नाबालिग के अपहरण का मामला दर्ज कर शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि शिक्षक का कहना है कि वह छात्रा को किताब दिलाने जा रहा था। मुख्य शिक्षाधिकारी केके गुप्ता ने देर शाम शिक्षक के निलंबन के आदेश जारी कर दिए।
सोमवार सुबह सात बजे कालाढूंगी की ओर से एक कार हल्द्वानी की ओर आ रही थी। कार लामाचौड़ पर पहुंची तो उसमें लड़की की बचाओ-बचाओ की आवाज सुनकर बजरंग दल के सदस्य भास्कर सिंह किरोला आदि को शक हुआ। उन्होंने कार रोकने का प्रयास किया मगर चालक ने रफ्तार तेज कर दी।
भास्कर ने हल्द्वानी और कमलुआगांजा में अपने साथियों को इसकी सूचना दी और खुद भी बाइक से कार का पीछा कर दिया। कमलुवागांजा तिराहे पर ट्रैक्टर और टैंकर सड़क पर खड़ा कर कार का रास्ता जाम किया तो चालक को कार रोकनी पड़ी। लोगों ने कार का दरवाजा खोला तो उसमें अधेड़ व्यक्ति और किशोरी मिली।
लोगों ने अधेड़ को खींचकर बाहर निकाला और उसकी पिटाई कर दी। उसके सिर से खून बहने लगा। गुस्साए लोगों ने पथराव कर कार (यूके 04यू 0829) के शीशे चकनाचूर कर दिए। सूचना मिलने पर मुखानी पुलिस भी पहुंच गई। पूछताछ में उसने अपना नाम झांसी निवासी मोबिन पुत्र अब्दुल बशीर बताया।
उसने कहा कि वह कालाढूंगी वार्ड दो में रहता है और राजकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय छीना में शिक्षक है। उसकी पत्नी पिथौरागढ़ के कनाली छीना में शिक्षिका है। उसने बताया कि नौवीं में पढ़ने वाली इस किशोरी को वह पढ़ा चुका है। इसकी सुबह कॉल आई थी कि भाई की बाइक पंक्चर हो गई है।
वह पैदल स्कूल जा रही है। उसे किताब भी खरीदनी है। इसके बाद वह कार लेकर निकला और छात्रा को बैठाकर हल्द्वानी में किताब दिलाने जा रहा था। छात्रा से उसका उससे पुराना लगाव था। छात्रा के साथ उसका कोई गलत इरादा नहीं था। पुलिस उसे हिरासत में लेकर थाने ले आई।
इसके बाद कई संगठनों के लोग और छात्रा के घर वाले भी थाने पहुंच गए। छात्रा के पिता की तहरीर पर शिक्षक के खिलाफ धारा 363, 354, 506,7/8 पाक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया। पिता का आरोप है कि उसकी बेटी को धमकी देकर शिक्षक ने छेड़खानी की है।
कार से मिली आपत्तिजनक सामग्री
पुलिस ने शिक्षक की कार की तलाशी ली तो आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई। एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव का कहना है कि बरामद सामान इशारा करते हैं कि शिक्षक की नीयत ठीक नहीं थी। उसका मेडिकल भी कराया गया है।
सुबह सात बजे नहीं खुलती दुकानें
शिक्षक बार-बार किताब दिलाने की बात कह रहा था लेकिन थाने पहुंचे लोगों को उसकी बातों पर यकीन नहीं हुआ। उनका कहना था कि सात बजे कोई दुकान नहीं खुलती। थाने में आए भाजपा नेता विपिन पांडे, नवीन जोशी आदि का कहना था कि यदि उसका इरादा साफ होता तो उसने छात्रा के माता-पिता या भाई कोे क्यों नही बताया कि उसे लेकर हल्द्वानी जा रहा है।
तीन साल से जानता हूं, मेरा इरादा गलत नहीं
शिक्षक मोबिन का कहना था कि वह छात्रा को तीन साल से जानता है। उसने उसे पढ़ाया है। वह ऐसा कभी नहीं कर सकता। उसकी नियत बुरी नहीं थी। कई लोग शिक्षक के पैरवी में भी आए। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षक को गलत फंसाया गया है।
मारपीट के चलते हुआ था तबादला
खंड शिक्षा अधिकारी भास्करानंद पांडे ने बताया कि स्कूल में प्रधानाचार्य के साथ मारपीट करने के आरोप में शिक्षक मोबिन का तबादला कमोला से छीना किया गया था। इस मामले में मोबिन के समय कमोला के प्रधानाचार्य रहे राम गोपाल ने बताया कि सितंबर 2016 में हाथापाई करने पर उन्होंने मोबिन के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए रिपोर्ट भेजी थी।
इधर थाने में चर्चा थी कि ओखलकांडा में शिक्षक लड़कियों के कमरे में घुस गया था। शिक्षक की पिटाई की गई लेकिन किसी ने रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई थी।
मोबाइल का मामला उलझा
गिरफ्तार शिक्षक का कहना है कि छात्रा के पास मोबाइल था। मोबाइल से उसने कॉल कर बुलाया लेकिन छात्रा के परिजन और पुलिस का कहना है कि छात्रा के पास मोबाइल ही नहीं है। पुलिस का कहना है कि कौन सही बोल रहा है, कौन गलत यह सच कॉल डिटेल निकालने पर सामने आएगा।
समय रहते पकड़ा गया शिक्षक
बजरंग दल के लामाचौड़ अध्यक्ष नीरज बिष्ट का कहना है कि छात्रा हल्ला नहीं मचाती तो शायद शिक्षक नहीं पकड़ा जाता। उन्होंने बताया कि शिक्षक को पकड़ने में युगल शाह, गौरव बिष्ट, भास्कर किरोला सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने सहयोग किया।