कर्नल डीके शाह के घर हुई खौफनाक घटना की तरह 16 साल पहले शांति नगर में ट्रिपल मर्डर होने से शहर के लोग भयभीत हो गए थे। पुलिस ने काफी कोशिश के बाद तीन लोगों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया गया। दावा किया कि इस घटना को बावरिया गैंग ने अंजाम दिया था।
पुलिस का कहना है कि शांतिनगर में पेट्रोलपंप पर कार्यरत ओमप्रकाश के घर 2001 में दिनदहाड़े बावरिया गैंग घुस गया था। उन्होंने घर में टीवी का वाल्यूम तेज करने के बाद कर्मचारी की मां, पत्नी और बेटे की दर्दनाक ढंग से हत्या कर दी थी। इस घटना की चश्मदीद सात साल की बच्ची थी।
पुलिस ने काफी कोशिश के बाद बावरिया गैंग के तीन लोगों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया था। कर्नल डीके शाह के घर हुई घटना में भी राड और चाकू का प्रयोग हुआ है। इसी कारण कुछ पुलिसकर्मी बावरिया गैंग का शक जता रहे हैं। बावरिया गैंग घटना के बाद गंदगी कर देता है, लेकिन डीके शाह के घर गंदगी का सबूत नहीं मिला है। ब्यूरो
सफेदपोशों के संरक्षण से बढ़ रहा अपराध
सेवानिवृत्त जनरल इंद्रजीत बोरा ने बताया कि डबल मर्डर के बाद जिला पुलिस प्रशासन अपने ढंग से जांच कर रहा है, लेकिन शहर में सफेदपोशों द्वारा अपराधियों को संरक्षण देने से अपराध और अपराधी बढ़ रहे हैं। इस मामले में पूर्व सैनिक बैठक कर विचार करेंगे। पूर्व सैनिक अधिकारियों ने घटना की निंदा करते हुए जिला प्रशासन से अपराधियों को गिरफ्तार करने की मांग की है। ब्यूरो