विशेष न्यायाधीश (पाक्सो) प्रीतू शर्मा की अदालत ने छह साल की बच्ची के साथ रेप के मामले में दोषी पाए गए सूखाताल निवासी मोहम्मद आजम को 12 साल कड़ी कैद की सजा सुनाई है। अदालत ने मोहम्मद आजम पर दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं देने पर सजा की अवधि दो माह और बढ़ जाएगी।
अभियोजन एवं बचाव पक्ष के तर्कों को सुनने और साक्ष्यों का अवलोकन के बाद विशेष न्यायाधीश की अदालत ने मोहम्मद आजम को दोषी माना था। एडीजीसी नरेंद्र सिंह नेगी के मुताबिक अदालत ने धारा 376(2) के तहत मोहम्मद आजम को 12 साल की कड़ी कैद की सजा और दस हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। अदालत ने पाक्सो एक्ट के तहत भी आजम को दोषी माना था।
बता दें कि चार जुलाई 2014 को कक्षा दो में पढ़ने वाली छह साल की मासूम स्कूल से घर लौट रही थी। इस बीच रास्ते से मोहम्मद आजम ने उसे बहला-फुसलाकर अगवा कर लिया और फिर उसके साथ रेप कर भाग निकला। मल्लीताल पुलिस ने मोहम्मद आजम को दिल्ली से गिरफ्तार किया। इस मुकदमे की विवेचना उपनिरीक्षक रेवती पंत ने की। अभियोजन पक्ष ने अपने साक्ष्यों को पुष्ट करने के लिए नौ गवाह पेश किए। मोहम्मद आजम अभी जेल में ही है। अदालत ने इस सजा के माध्यम से पीड़ित परिवार को कम समय में न्याय दिया है।