रामगढ़ ब्लाक के खोपा बोहराकोट गांव में एक अधेड़ ने घर में जहर खाकर जान दे दी। मौके से मिले सुसाइड नोट में अधेड़ ने गांव के ही एक व्यक्ति पर जमीन के विवाद में परेशान करने और एक लाख रुपए मांगे जाने का आरोप लगाया है। मृतक की पत्नी की तहरीर पर राजस्व पुलिस ने हाल में हल्द्वानी निवासी व्यक्ति पर आईपीसी की धारा 306 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
खोपा बोहराकोट गांव निवासी पूरन चंद्र डालाकोटी (53) पुत्र विशन दत्त डालाकोटी बुधवार सुबह जब देर तक कमरे से बाहर नहीं निकले तो पत्नी तारा देवी कमरे में गईं। पूरन चंद्र बिस्तर पर बेसुध पड़े थे और उनके मुंह से झाग निकल रहा था। सूचना पर रामगढ़ के पटवारी अमित साह राजस्व कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे। पटवारी ने बताया कि पूरन चंद्र ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या की है।
शव के पास से सुसाइड नो बरामद हुआ है, जिसमें पूरन चंद्र ने मूल रूप से खोपा बोहराकोट और हाल निवासी हल्द्वानी निखिलेश जोशी उर्फ निखिलेश डालाकोटी के साथ सिविल कोर्ट में भूमि संबंधी मामला विचाराधीन की बात लिखी है। सुसाइड नोट में निखिलेश पर पांच नाली जमीन और एक लाख रुपए मांगने को लेकर बेवजह दबाव बनाने, बार-बार फोन पर धमकी देने और परेशान करने का आरोप लगाया गया है।
लिखा है कि उसे कुछ भी होने पर इसके लिए निखिलेश जोशी को ही जिम्मेदार माना जाए। मृतक की पत्नी की तहरीर पर राजस्व पुलिस ने आरोपी पर निखिलेश जोशी उर्फ निखिलेश डालाकोटी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा
नैनीताल। नैनीताल में दोपहर को पोस्टमार्टम के बाद पूरन चंद्र डालाकोटी का शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। पोस्टमार्टम करने वाले बीडी पांडे अस्पताल के डा. केएस धामी ने बताया कि जहर खाने से मौत का कारण सामने आया है। जांच के लिए बिसरा सुरक्षित रख लिया गया है।
बता दें कि मृतक उद्यान विभाग से सेवानिवृत्त था। उसकी दो पुत्रियां ममता और चंद्रा विवाहित है जबकि पत्नी तारा देवी और पुत्र योगेश (17) साथ में रहते हैं। करीब 5-6 नाली जमीन में काश्तकारी कर पूरन चंद्र परिवार पाल रहे थे। इधर, राजस्व पुलिस ने मृतक की हैंड राइटिंग मिलाने के लिए मृतक द्वारा लिखे कुछ दस्तावेज अपने पास रख लिए हैं।
मोटर मार्ग बनने से उपजा विवाद
नैनीताल पोस्टमार्टम हाउस में मौजूद गांव के लोगों का आरोप था कि ग्रामीणों की ओर से पूर्व में भी संबंधित आरोपी के खिलाफ मेजरनामा बनाकर दिया था। उसका कई अन्य लोगों से विवाद है और रिश्तेदारों से जमीनी विवाद भी चल रहा है। स्व. पूरन के भाई जीवन डालाकोटी और हरिनंदन का कहना है कि गांव में स्थित उनकी जमीन के पास से मोटर मार्ग बनने के बाद से ही करीब ढाई वर्ष से निखिलेश जमीन को लेकर अक्सर विवाद करता रहा है।
उस मार्ग के लिए उनके भाई स्व. पूरन ने गांव हित में मार्ग के लिए अपनी तीन नाली जमीन दी थी। क्षेत्र के हेमंत डालाकोटो, सुरेश, गिरधर, अनिल हर्नवाल, देवेंद्र ढैला, किशोर, तारा भट्ट, राजेंद्र, राजन खोलिया ने आत्महत्या प्रकरण की जांच की मांग की है।