हल्द्वानी। एमबीपीजी कॉलेज में बीएससी प्रथम वर्ष की छात्रा ने बुधवार सुबह करीब 11 बजे गौला बैराज के किनारे संदिग्ध परिस्थितियों में गिर गई। मौके पर मौजूद जल पुलिस के जवान ने बैराज में कूदकर उसे बचा लिया। घटना के कारणों का पता नहीं चल सका है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उसने छलांग लगाई थी मगर छात्रा का कहना है कि उसे चक्कर आ गया था। उधर, उसके साथियों में चर्चा थी कि रात में उसका किसी से झगड़ा हुआ था इस कारण वह तनावग्रस्त थी।
सितारगंज की रहने वाली छात्रा पांच सहेलियों के साथ काठगोदाम क्षेत्र में किराये के कमरे में रहती है। बुधवार सुबह करीब 11 बजे वह टहलते हुए गौला बैराज के किनारे गिर पड़ी। छात्रा को बचाने के लिए जल पुलिस के जवान मनोज बहुखंडी ने छलांग लगा दी। कम पानी होने के कारण उसे बचा तो लिया लेकिन दोनों को चोट भी लग गई। छात्रा ने पुलिस को बताया कि चक्कर आने के कारण वह गिर पड़ी लेकिन बैराज पर मौजूद लोगों का कहना था कि उसने छलांग लगाई है। छात्रा का प्राथमिक उपचार कराने के बाद काठगोदाम थानाध्यक्ष कमाल हसन ने परिजनों को बुलाया। सहेलियों के अनुसार उसे दुर्गा सिटी सेंटर स्थित कोचिंग चलने के लिए कहा था लेकिन उसने बाद में आने की बात कही थी।
पिता को देखते ही फफककर रो पड़ी
जानकारी मिलने पर छात्रा के माता-पिता काठगोदाम थाने पहुंच गए। पिता को देखते ही वह फफक कर रो पड़ी। रुद्रपुर में पढ़ने वाली उसकी बहन का कहना था कि वह दूसरों को तनाव से दूर रहने की सलाह देती थी लेकिन न जाने कैसे खुद तनाव में आ गई। पिता का कहना था कि दो दिन पहले ही वह घर से लौटकर आई है। उसे कुछ पैसा दिया था और बाकी पैसे बैंक एकाउंट में डालने का भरोसा दिया था।
परिवार के सवाल से हुई असहज
मां ने जब उससे पूछा कि तनाव दूर करने के लिए वह गौला बैराज पर घूमने अकेले क्यों आई तो वह असहज हो गई। उसने कोई जवाब नहीं दिया।
मनोज फिर बना हीरो
जल पुलिस के जवान मनोज बहुखंडी ने एक बार फिर एक और जान बचा ली। कुछ दिन पहले ही उसने एक महिला को बचाया था। अब तक वह 20 से अधिक लोगों को बचा चुका है। एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने मनोज को जीवन रक्षक पदक देने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा है।
जल पुलिस के जवान ने बचाया, कारणों का नहीं चला पता, छात्रा बोली-चक्कर आ गया था