हल्द्वानी। मां के साथ सुबह स्कूल जा रहा चौथी का छात्र अचानक लापता हो गया। इससे पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। साढ़े पांच घंटे तक उसकी खोजबीन चलती रही। वह बिठौरिया नंबर एक पर मिला तो अपहरण की कहानी सुना दी। पता चला कि स्कूल जाने की इच्छा न होने के कारण उसने नाटक किया था।
पुष्पबिहार कालोनी में किराए के कमरे में रहने वाली एक महिला का नौ साल का बेटा एक प्राइवेट स्कूल में चौथी में पढ़ता है। सोमवार सुबह सात बजे वह अपनी 14 साल की बेटी और उसे लेकर स्कूल छोड़ने जा रही थीं। बेटा पीछे-पीछे चल रहा था। नवाबी रोड पर महिला ने पीछे देखा तो बेटा गायब था। इस पर महिला परेशान हो गईं। उन्होंने पुलिस को सूचना दी। कोतवाल केआर पांडे की अगुवाई में सभी चौकियों और थानों की पुलिस फोर्स बच्चे को ढूंढने में जुट गई। रोडवेज और केमू के बसों में तलाशी ली गई। नहरों में पुलिस की एक टीम ढूंढने लगी। एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव और सीओ दिनेश चंद्र ढौडियाल पल-पल पुलिस टीमों से जानकारी ले रहे थे। पुलिस और परिजन किसी अनहोनी की आशंका से परेशान थे। इस बीच साढ़े बारह बजे किसी व्यक्ति ने स्कूल में फोन कर जानकारी दी कि बिठौरिया नंबर एक में सोन डॉक्टर के घर के पास एक बच्चा स्कूल की ड्रेस पहने रो रहा है। अध्यापक बच्चे को तत्काल लेकर आए।
पुलिस ने स्कूल में पहुंचकर तत्काल बच्चे को अपने कब्जे में ले लिया। एसपी सिटी और सीओ बच्चे से पूछने लगे तो वह रोने लगा। उसने बताया कि उसे तीन लोग पीटकर अगवा कर ले गए थे। हालांकि बाद में उसने बताया कि उसका मन चित्रकला बनाने और खेलने में लगता है। वह स्कूल नहीं जाना चाहता था। उसने अपना बैग भी कही छोड़ दिया था। पुलिस ने थोड़ी देर तक पूछताछ करने के बाद बच्चे को उसकी मां के हवाले कर दिया।