सड़क पर मदहोश, न पीने वालों को न पुलिस को होश
सड़कों पर बन गए मयखाने, रात तक चलता है पीने-पिलाने का दौर
हल्द्वानी की सड़कों पर खुलेआम मयखाने चल रहे हैं। सड़क पर शराब पीने पर कोई रोकटोक नहीं है। दिन से लेकर रात तक ठेले से लेकर ढाबों और होटल तक ‘जेब’ के हिसाब से दारू पीने की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। आलम यह है कि फायर ब्रिगेड कार्यालय के सामने से लेकर मंगल पड़ाव पुलिस चौकी से सटे हुए इलाके तक में खुलेआम दारू परोसी जा रही है। अवैध शराब पिलाने वालों ने बाकायदा लोगों को तैनात किया है, जो आने-जाने वालों को शराब पीने के लिए बुलाते हैं पर पुलिस ने आंख बंद कर ली है। विकास यादव की रिपोर्ट-
12:10 बजे
अमर उजाला की मंडी बाईपास रोड पर पहुंची। अग्निशमन कार्यालय के पास सड़क के दोनों तरफ 17 ढाबे, ठेले (सड़क पर अवैध कब्जा) से लेकर दुकानें खुल गई है, वहां शराब परोसी जा रही है जबकि इससे कुछ दूरी पर ही मंडी पुलिस और टीपी नगर पुलिस चौकी है।
12:40 बजे
टीम मंगल पड़ाव पुलिस चौकी के पास पहुंची। यहां के ढाबों पर शराब पिलाई जा रही है। ढाबों में काम करने वाले कर्मचारी शराब पिलाने के लिए लोगों को बुलाते हैं, पर पुलिस को न तो अवैध मयखाने दिखते है और न ही आवाज सुनाई देती है। जबकि बगल में स्कूल से लेकर डेयरी निदेशालय है। आसपास के लोगों को इलाके से निकलना मुश्किल हो गया है।
1:00 बजे
वर्कशाप लाइन और एयरोड्रम लाइन के पास भी शराब के अवैध मयखाने चल रहे हैं। यहां पर अवैध कब्जा कर कई लोगों ने ठेले लगाए हैं, जहां पर शराब पिलाई जाती है। बताया जाता है कि कि करीब सात साल पहले बाहर के शोरगुल से परेशान होकर एक डीएफओ को अपने घर की दीवार ऊंची तक करनी पड़ी थी।
7:15 बजे
क्रियाशाला के पास भी लोगों ने शराब पीने का ठिकाना बना लिया है। जहां खासकर कार के अंदर शराब पीने का दौर देर रात तक चलता रहता है पर शायद ही पुलिस ने किसी को रोकाटोका या पकड़ा हो।
इस तरह की सूचना मेरे पास नहीं है। इस मामले की जांच की जाएगी। अगर कोई नियम विरुद्ध शराब पिलाते मिलता है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
-सुनील कुमार मीणा, एसएसपी नैनीताल