लालकुआं (नैनीताल)। नैनीताल दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ के ईटीपी प्लांट में डूब कर एक किशोर की मौत के मामले में कोतवाली पुलिस ने दुग्ध संघ में संचालित वाहनों के चालकों के बयान दर्ज किए हैं। इधर घटना के बाद हरकत में आए संघ प्रबंधन ने चालक-हेल्परों के परिचय पत्र बनाने का निर्णय लिया है। फिलहाल दूसरे दिन भी मृतक किशोर की शिनाख्त नहीं हो सकी।
दुग्ध संघ के एटीपी प्लांट के टैंक में डूबने से रविवार रात 17 वर्षीय किशोर की मौत हो गई थी। इसके बाद दूसरे दिन दुग्ध संघ प्रबंधन सख्त हो गया। पुलिस प्रशासन ने भी उस समय मौके पर मौजूद चालक-हेल्परों के बयान दर्ज किए है। कोतवाली के उपनिरीक्षक कुमुद जोशी का कहना है कि कई चालक-हेल्परों से पूछताछ की गई। बताया कि दो दिन पूर्व टीपीनगर हल्द्वानी के एक ढाबे में वह खाना खा रहे थे। पास में ही किशोर बैठा था। वह उनसे खाना मांगने लगा। खाना खिलाने के बाद किशोर ने बताया कि वह रोजगार की तलाश में भटक रहा है। अपनी गाड़ी में उसे काम पर रख लें। युवक पर तरस खाकर दीपक ने उसे काम पर रख लिया। किशोर के पास कोई भी आईडी नहीं थी। ड्राइवरों के मुताबिक किशोर ने बताया कि वह नेपाल के जुल्लाघाट का रहने वाला है। इधर दुग्ध संघ के सामान्य प्रबंधक अजय क्वीरा ने कहा कि दुग्ध संघ में दूध, दुग्ध पदार्थ लाने वाले चालक-हेल्परों के आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस जमा कर दुग्ध संघ का आईडी कार्ड बनाया जाएगा। कार्ड के बिना दुग्ध संघ परिसर में चालक, परिचालक का प्रवेश वर्जित रहेगा। इधर कोतवाली पुलिस ने मृतक किशोर की शिनाख्त के प्रयास तेज कर दिए। उसका पोस्टमार्टम मृत्यु के 72 घंटे के बाद किया जाएगा।