हल्द्वानी। हॉटमिक्स प्लांट में कंटेनर से दबकर मरे तीन मजदूरों का पंचायतनामा रिपोर्ट लेने के लिए परिजन को सुबह से लेकर शाम तक थाने से चक्कर लगाने पड़े। परिजनों का कहना था कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, पंचायतनामा किसान बीमा के लिए लगाना जरूरी है। इसी कारण रिपोर्ट की जरूरत पड़ गई थी।
ठंडी सड़क के पास निर्माणाधीन मॉल के लिए लगाए गए मिक्स्चर प्लांट में 26 मार्च कोे कंटेनर से दबकर तीन मजदूरों की मौत हो गई थी। इनमें लखीमपुर खीरी जिले के ईसानगर निवासी रामसागर, मूलचंद, सोनू शामिल थे। घटना के बाद अंदर मजदूरों को बंधक बनाने, लापरवाही करने के मामले में पुलिस ने तत्काल मुंशी चंदन सिंह मेहरा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। अभी पुलिस घटना की विवेचना कर रही है। इधर सागर के पिता मुखलाल ने अपने रिश्तेदार अधिवक्ता महेंद्र कुमार को पोस्टमार्टम, पंचायतनामा रिपोर्ट लेने के लिए सोमवार की सुबह दस बजे कोतवाली थाने में आए। पुलिसकर्मियों से कोई सहयोग न मिलने पर अधिवक्ता ने कोतवाल केआर पांडे से संपर्क किया। कोतवाल के आदेश पर अधीनस्थों ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट दी लेकिन रिपोर्ट में पंचायतनामा रिपोर्ट नहीं लगी थी। अधिवक्ता ने थाने के कर्मचारियों से पूछा लेकिन कोई समुचित उत्तर नहीं दिया। रिपोर्ट लेने के लिए अधिवक्ता को सुबह से शाम पांच हो गए। अंत में एक संभ्रांत व्यक्ति की मदद से अधिवक्ता भोटिया पड़ाव पुलिस चौकी पहुंचा। चौकी प्रभारी के निर्देश पर अधिवक्ता को पूरा कागजात मिल सका। घटनास्थल पर मजदूर को बंधक बनाने का सवाल अभी सुलझा नहीं है। पुलिस ने तीन अन्य पार्टनरों से पूछताछ नहीं की है। प्रयोगशाला में भेजे गए ईंट, गारे की रिपोर्ट भी नहीं आई है।