नैनीताल। जिला उपभोक्ता फोरम ने माइक्रोमैक्स इंफोमेडिक्स लिमिटेड को वादी को आदेश के एक माह के भीतर खराब मोबाइल के अवमूल्यन के पश्चात निर्धारित राशि के रूप में साढ़े चार हजार रुपये और परिवाद व्यय के रूप में दो हजार रुपये अदा करने के निर्देश दिए हैं।
हल्दूचौड़ के इंदिरानगर निवासी सौरभ गरवाल की ओर से उनके पिता मोहन सिंह गरवाल ने जिला उपभोक्ता फोरम में वाद दायर की। बताया कि उन्होंने अपने बेटे सौरभ के लिए पेस कंप्यूटर सेल्स एंड सर्विस आवास विकास हल्द्वानी से 17 नवंबर 2015 को 7500 रुपये में माइक्रोमैक्स का मोबाइल खरीदा। कहा गया कि विपक्षी द्वारा इस मोबाइल पर एक वर्ष की वारंटी दी गई थी। वादी का कहना था कि उक्त मोबाइल खरीदने के मात्र 13 दिन बाद ही खराब हो गया, जिसे लेकर वह उक्त दुकान पर गया तो दुकानदार ने सर्विस सेंटर जाने को कहा। पहली दिसंबर 2015 को वह मोबाइल फोन लेकर सर्विस सेंटर गया तो बताया गया कि मोबाइल का डिस्प्ले खराब हो गया है। डिस्प्ले कंपनी से मंगाना पड़ेगा। सर्विस सेंटर की ओर से तीन दिन बाद आकर मोबाइल ले जाने को कहा गया। वादी का कहना था कि जब वह तीन दिन बाद सर्विस सेंटर पहुंचा तो उसे बताया गया कि उक्त मोबाइल का डिस्प्ले नहीं मिल रहा है। इसलिए मोबाइल को माइक्रोमैक्स इंफोमेडिक्स नारायणनगर इंडस्ट्रियल एरिया दिल्ली भेजा जाएगा। वादी का कहना था कि कई बार चक्कर लगाने के बाद भी उसे मोबाइल फोन नहीं मिला, जिसके चलते वह फोरम में वाद दायर करने को मजबूर हुआ। दोनों पक्षों को सुनने के बाद फोरम के अध्यक्ष यूएस नबियाल, वरिष्ठ सदस्य मंजू कोटलिया, सदस्य राजेंद्र परगाई ने माइक्रोमैक्स इंफोमेडिक्स लिमिटेड को वादी को आदेश के एक माह के भीतर खराब मोबाइल के अवमूल्यन के बाद निर्धारित राशि के रूप में साढ़े चार हजार रुपये, परिवाद व्यय के रूप में दो हजार रुपये अदा करने के निर्देश दिए हैं।