नैनीताल। हल्द्वानी के बहुचर्चित भूपेंद्र पांडे ऊर्फ भुप्पी पांडे हत्याकांड के मुख्य आरोपी गौरव गुप्ता की जमानत अर्जी जिला एवं सत्र न्यायाधीश आरके खुल्बे की अदालत ने ऑनलाइन सुनवाई के बाद खारिज कर दी। काठगोदाम निवासी भूपेंद्र पांडेय की हत्या 15 दिसंबर 2019 को दिनदहाड़े हल्द्वानी स्थित सिंधी चौराहे के पास गौरव गुप्ता और सौरव गुप्ता नामक दो भाइयों ने की थी। जिसकी रिपोर्ट भूपेंद्र की पत्नी विनीता पांडे ने हल्द्वानी कोतवाली में दर्ज कराई थी। हत्याकांड के दौरान ही पुलिस ने सौरभ गुप्ता को मौके से ही दबोच लिया था जबकि घटना के कुछ दिन बाद गौरव गुप्ता भी पुलिस की गिरफ्त में आ गया था। सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत में हुई ऑनलाइन सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने वर्तमान में कोरोना संक्रमण की स्थिति को देखते हुए और गौरव गुप्ता को जमानत देने की गुहार लगाई लेकिन अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता सुशील कुमार शर्मा ने जमानत देने का विरोध करते हुए न्यायालय को बताया कि हत्याकांड के दौरान घटनास्थल पर मौजूद चश्मदीद दिनेश सागर व संदीप कुकसाल ने गौरव गुप्ता और सौरव गुप्ता को भूपेंद्र पांडे उर्फ भुप्पी की हत्या करते हुए देखा है। उन्होंने कहा कि दोनों ही आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और उनके खिलाफ 12 से अधिक आपराधिक मामले हल्द्वानी में दर्ज हैं अभियोजन पक्ष ने न्यायालय को यह भी बताया कि भूपेंद्र पांडे की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी इस बात की पुष्टि हुई है कि भूपेंद्र पांडे की हत्या गौरव गुप्ता की लाइसेंसी रिवाल्वर से की गई थी।