रामनगर वन प्रभाग की कोसी रेंज स्थित ग्राम ढिकुली के आबादी क्षेत्र में दिनदिहाड़े बाघ ने एक घोड़े को अपना निवाला बना लिया। स्थानीय लोगों ने इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। सूचना पर वनविभाग भी हरकत में आया और घटनास्थल के आसपास गश्त को बढ़ाने के साथ ही लोगों को अकेले नहीं जाने की अपील की है। सोमवार दोपहर करीब दो बजे ग्राम ढिकुली स्थित झूला पुल के पास एक मैदान में पालतू घोड़ा घूम रहा था। इसी बीच जंगल से आए बाघ ने अचानक घोड़े पर हमला कर दिया और उसे घसीटकर जंगल में ले गया। इस दौरान आसपास कई लोग मौजूद थे। बाघ के हमले को देखकर लोगों में अफरातफरी मच गई। कई लोगों ने घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। लावारिस पशु, कूड़े से मानव-वन्यजीव संघर्ष का खतरा ढिकुली में 100 से अधिक होटल और रिजॉर्ट हैं। ऐसे में यहां पर्यटकों की आवाजाही बनी रहती है। वहीं इन होटल और रेस्टोरेंट संचालक होटल का कचरा जंगल में फेंक देते हैं। ऐसे में लावारिस पशु और शाकाहारी वन्यजीव इसे खाने के लिए पहुंचते हैं। इनके पीछे बाघ, तेंदुए जैसे वन्यजीव शिकार के लिए आते हैं। ढिकुली में बाघ ने घोड़े को शिकार बनाया है। इसके बाद वनकर्मियों की गश्त बढ़ा दी गई है। लोगों से पशुओं को जंगल किनारे नहीं छोड़ने के लिए कहा गया है। - कृष्णा मेहरा, रेंजर, कोसी रेंज बेलगढ़ में दिखा बाघ, लोगों में डर रामनगर वन प्रभाग की बेलगढ़ चौकी के पास हल्द्वानी-रामनगर मार्ग से सटी आबादी में बाघ की गतिविधि सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है। फुटेज में बाघ रात में सड़क और वन चौकी के आसपास घूमता दिखाई दे रहा है। आबादी के करीब बाघ की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत है। उनका कहना है कि शाम ढलने के बाद घरों से बाहर निकलने में डर लग रहा है। व्यस्त मार्ग और आबादी के नजदीक बाघ की मौजूदगी से मानव-वन्यजीव संघर्ष की आशंका भी बढ़ गई है। ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और बाघ की गतिविधियों पर नजर रखने की मांग की है। कोसी रेंज के रेंजर कृष्णा मेहरा ने बताया कि घटनास्थल के आसपास गश्त बढ़ाकर बाघ की मॉनिटरिंग की जा रही है।