नैनीताल। तिब्बत की आजादी और भारतीय संसद में तिब्बत का समर्थन जुटाने के मकसद से तिब्बती युवा कांग्रेस की भारत जागरण यात्रा शनिवार को नैनीताल पहुंची।
यात्रा में शामिल तिब्बती यूथ कांग्रेस के केंद्रीय सांस्कृतिक सचिव यशी थुनडुप और कोषाध्यक्ष दिकी लामों ने पत्रकार वार्ता के दौरान कहा कि 1949 में चीन ने तिब्बत पर हमला कर उस पर कब्जा जमा लिया और अपनी सैनिक छावनी के रूप में तिब्बत को तब्दील कर दिया। तिब्बती युवा कांग्रेस का मानना है कि हिमालय समेत भारत की सुरक्षा के लिए तिब्बत की आजादी बहुत जरूरी है। भारत जागरण यात्रा के माध्यम से हम भारत की जनता से अपील कर रहे हैं कि वह अपने-अपने क्षेत्र के विधायकों से विधानसभाओं में तिब्बत की आजादी के मुद्दे को जबरदस्त तरीके से उठाएं। साथ ही चीन द्वारा निर्मित सामानों का बहिष्कार करें। भारत सरकार तिब्बत नीति की समीक्षा कर इस बात को मान्यता दे कि तिब्बत ऐतिहासिक रूप से एक स्वतंत्र देश था जिस पर चीन ने अनाधिकृत रूप से कब्जा कर रखा है। उन्होंने बताया कि भारत जागरण यात्रा अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस 10 दिसंबर को धर्मशाला के सिलीगुढ़ी व चेन्नई शहर से प्रारंभ हुई है। पत्रकार वार्ता के दौरान तिब्बती रिफ्यूजी फाउंडेशन के अध्यक्ष पीजी सिथार, तिब्बती फ्रीडम मूवमेंट के सचिव यशी थुपतेन, स्थानीय तिब्बती युवा कांग्रेस के सचिव तेनजिंग जिगमे व पीआरओ तेनजिंग सिरेंग आदि मौजूद थे।