हल्द्वानी। शासन ने राजकीय महाविद्यालयों में सहायक प्राध्यापकों के खाली पदों के सापेक्ष नितांत अस्थायी व्यवस्था के रूप में अनुबंध के आधार पर कार्यरत गेस्ट फैकल्टी, संविदा शिक्षकों की संविदा अवधि बढ़ा दी है। अपर मुख्य सचिव डॉ. रणवीर सिंह ने प्रभारी उच्चशिक्षा निदेशक को इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। उन्होंने कहा है कि उच्चशिक्षा विभाग में प्रवक्ताओं के स्वीकृत खाली 877 पदों पर भर्ती के लिए अध्याचन लोकसेवा आयोग को भेजा जा चुका है। आयोग से नियमित प्रवक्ताओं के चयन की संस्तुति प्राप्त होने, उसके बाद उनकी तैनाती होेने में समय लग सकता है, इसलिए शासन ने डिग्री कॉलेजों में पठन-पाठन सुचारु बनाने के लिए यह निर्णय लिया है। प्रवक्ताओं के खाली पदों पर गेस्ट फैकल्टी, प्रात:कालीन, सांध्यकालीन शिक्षकों के रूप में नियुक्त किए गए 365 अभ्यर्थियों को पर्वतीय क्षेत्र के राजकीय महाविद्यालयों में पठन-पाठन को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए नितांत अस्थायी रूप से कामचलाऊ व्यवस्था के तहत मात्र एक शिक्षण सत्र 2018-19 के अंत तक अथवा लोकसेवा आयोग से नियमित नियुक्ति होने तक पात्र अभ्यर्थियों/ शिक्षकों की संविदा अवधि बढ़ाने की स्वीकृति प्रदान की गई है।
संविदा एवं अस्थायी प्राध्यापकों की सेवा अवधि बढ़ी
शासन ने उच्चशिक्षा निदेशक को आदेश जारी किए