रामनगर। नए पर्यटन सत्र में कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के ढिकाला जोन में पार्क प्रशासन ने लैंटाना को हटाकर 300 हेक्टेयर क्षेत्र में ग्रासलैंड विकसित किए हैं। ग्रासलैंड विकसित होने से जंगल का प्राकृतिक स्वरूप अधिक समृद्ध होने के साथ ही वहीं वन्यजीवों के लिए प्राकृतिक चारे की उपलब्धता भी बढ़ेगी। पार्क निदेशक डॉ. साकेत बडोला ने बताया कि झाड़ियां और अनावश्यक वनस्पतियों को नियंत्रित कर घास के मैदानों को विकसित किया गया है ताकि वन्यजीवों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार हो सके। विकसित किए गए नए ग्रासलैंड आने वाले पर्यटन सत्र में वन्यजीवों की गतिविधियों के लिहाज से भी महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं। पार्क प्रशासन का उद्देश्य जंगल में वन्यजीवों के लिए प्राकृतिक संसाधनों को मजबूत करने के साथ ही पर्यटकों को बेहतर जंगल अनुभव उपलब्ध कराना है। संवाद