कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से लागू साप्ताहिक कर्फ्यू के दौरान कोटद्वार समेत आसपास के पर्वतीय क्षेत्र में दुकानें बंद रहीं, जिससे सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। होटल बंद होने के कारण बाहर से आने वाले यात्रियों को चाय और पानी तक नहीं मिला। पुलिस ने कर्फ्यू का उल्लंघन करने वाले 328 लोगों के चालान काटे।
रविवार को सुबह से ही डेयरी और मेडिकल स्टोर को छोड़कर परचून, सब्जी, फल की रेहड़ी और ठेलियां बंद रहीं। निकटवर्ती क्षेत्र तहसील चौराहा, गाड़ीघाट चौराहा, देवी मंदिर चौराहा, कौड़िया, दुर्गापुरी चौराहा आदि इलाकों में बेवजह सड़कों पर घूम रहे लोगों को पुलिस ने कड़ी हिदायत दी। बाजार में बेवजह दोपहिया वाहनों के घूमने पर लोगों के चालान भी काटे गए। साप्ताहिक कर्फ्यू के बीच इक्का-दुक्का थ्रीव्हीलर और ई रिक्शा ही बाजार में दिखे। वहीं कई जगह थ्रीव्हीलर और ई रिक्शा न मिलने के कारण मैदानी क्षेत्रों से कोटद्वार पहुंचे लोगों को पैदल ही गंतव्य तक जाना पड़ा। दुकानें बंद होने के कारण पहाड़ जाने वाले यात्रियों को चाय और पीने का पानी भी नहीं मिला। कोतवाल नरेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि सड़कों पर बेवजह दोपहिया वाहन पर घूम रहे 328 लोगों के चालान काटे गए
कई लोग पहुंचे गोखले मार्ग
कोटद्वार। शासन के प्रत्येक रविवार को साप्ताहिक कर्फ्यू लगाने की घोषणा के बावजूद कई लोग सब्जी खरीदने के लिए दोपहिया वाहन से गोखले मार्ग स्थित सब्जी मार्केट पहुंचे, लेकिन सब्जी मार्केट बंद होने पर लोग बैरंग लौट गए। इसके बाद कई लोग सब्जी के लिए गाड़ीपड़ाव स्थित पुरानी सब्जी मंडी पहुंचे। पुलिस ने साप्ताहिक कर्फ्यू के बीच पुरानी सब्जी मंडी में सब्जी बेच रहे व्यापारियों के चालान काटे और उन्हें खदेड़ दिया।