कण्वघाटी/किशनपुर। भाबर के वार्ड लोकमणिपुर में दो सप्ताह से टस्कर हाथी की लगातार आमद हो रही है। जिससे लोगों में दहशत का माहौल है। वन विभाग को बार-बार सूचना देने के बाद भी आमजन की सुरक्षा और फसलों को बचाने के लिए कदम नहीं उठाया जा रहा है। जिससे लोगों में आक्रोश है।
स्थानीय निवासी पंकज कपटियाल, देवेंद्र जोशी, जगदंबा जखमोला, नवीन कपटियाल और चंद्रप्रकाश जोशी ने बताया कि शुक्रवार देर रात करीब 11 बजे बिजनौर वन प्रभाग के जंगल से एक टस्कर हाथी गंदरियाखाल स्थित काश्तकारों के खेतों में घुस गया। किसानों ने जब हाथी की चिंघाड़ सुनी, तो वे जान हथेली पर लेकर खेतों पर पहुंचे और शोर मचाकर हाथी को भगाने का प्रयास करने लगे। हाथी वहां से जयदेवपुर की ओर चला गया। वहां से भी हाथी को खदेड़ने पर हाथी फसलों को रौंदता और खाता हुआ दलीपपुर और मनदेवपुर स्थित खेतों में पहुंच गया।
काश्तकारों का कहना है कि दो सप्ताह से यह टस्कर हाथी लगातार खेतों में आ रहा है और लोगों की धान, उड़द और सोयाबीन की फसल को नुकसान पहुंचा रहा है। वन विभाग को सूचना देने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। वन विभाग की उदासीनता से लोगों में आक्रोश है। उन्होंने समस्या से निजात दिलाने के साथ ही मुआवजा देने की मांग की है।