कोटद्वार। नजीबाबाद-कोटद्वार के बीच गत 22 जुलाई को सुखरौ नदी पर बने रेलवे ब्रिज का पिलर ढह जाने के बाद से ठप पड़ी रेल सेवाओं का खामियाजा दैनिक यात्रियों को उठाना पड़ रहा है। उनका आरोप है कि रेल सेवा ठप होने का फायदा जीप टैक्सी वाले मनमाना किराया वसूलकर उठा रहे हैं। उन्होंने नजीबाबाद के लिए बस सेवाएं बढ़ाने की मांग की है। रेल यात्रियों का यह भी कहना है कि शाम के समय नजीबाबाद के लिए बस सेवाएं नहीं होने से गढ़वाल के यात्रियों को मसूरी एक्सप्रेस पकड़ने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कोटद्वार-नजीबाबाद के बीच पखवाड़ेभर से ज्यादा समय से बंद पड़ी रेल सेवाओं से दैनिक यात्रियों के साथ ही गढ़वाल के रेल यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गढ़वाल के यात्रियों को दिन में गढ़वाल एक्सप्रेस और रात को मसूरी एक्सप्रेस पकड़ने के लिए नजीबाबाद जाना पड़ रहा है। रेल सेवा ठप होने से नजीबाबाद कोटद्वार के बीच यातायात का दबाव बस और जीप टैक्सियों पर बढ़ गया है। शाम को छह बजे के बाद नजीबाबाद के लिए वाहन नहीं मिलते, जिसके चलते रात की मसूरी एक्सप्रेस पकड़ने के लिए यात्रियों को छह बजे से पहले ही कोटद्वार से रवाना होना पड़ रहा है।
शहर के नागरिकों विजय माहेश्वरी, प्रवेश कुमार लूथरा, महेश कुमार, मो. आरिफ, श्यामलाल मित्तल, रामप्रसाद जिंदल, जगमोहन सिंह रावत, संतोष सिंह नेगी, मो. सलमान, मुनव्वर अली व शौकत अली ने कोटद्वार-नजीबाबाद के बीच बस सेवाएं बढ़ाने की मांग की है।