18 साल पहले स्वीकृत सड़क का निर्माण नहीं होने से विकासखंड एकेश्वर के अंतर्गत मवालस्यूंपट्टी के ग्रामसभा मैंणा, पिलखेरा, सगोड़ा, इसोठी व ईडा के ग्रामीणों ने शुक्रवार को आंदोलन किया। ग्रामीणों ने सड़क निर्माण नहीं होने पर इस बार विधानसभा चुनावों का बहिष्कार करने की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों ने दिवाली का त्योहार भी नहीं मनाने का निर्णय लिया है। सड़क निर्माण की मांग को लेकर 16 महिलाओं समेत 22 लोगों ने क्रमिक अनशन शुरू कर दिया है। स्कूली बच्चे एवं ग्रामीण हाथों में तख्तियां थामे सड़क नहीं तो वोट नहीं के नारे लगा रहे थे।
ग्रामीणों ने मांग की है कि ईडाखाल-पिलखेरा मोटर मार्ग को संतूधार-मासौं-पाबौ मोटर मार्ग से जोड़ा जाय। ग्राम प्रधान सगोड़ा महिपाल सिंह ने बताया कि उक्त मार्ग 18 साल पहले स्वीकृत हुआ था, लेकिन भूस्खलन के चलते विभाग ने आधे में ही काम छोड़ दिया।
अब रुड़की से आई भू-वैज्ञानिकों की टीम ने उक्त सड़क का एलिनमेंट बदलकर उसे दूसरे किनारे से बनाने को स्वीकृति दे दी है, लेकिन लोक निर्माण विभाग ने अभी तक डीपीआर शासन को नहीं भेजी। उन्होंने बताया कि लोक निर्माण विभाग पाबौ के अधिकारी सड़क मार्ग की डीपीआर शासन को नहीं भेज रहे हैं तथा क्षेत्र की जनता को बेवकूफ बना रहे हैं।
ग्रामीण सुमित्रा देवी ने बताया कि इस मार्ग के बनने से ग्रामीणों को पाटीसैंण बाजार पहुंचने के लिए 15 किमी का सफर कम तय करना पड़ेगा। अभी उन्हें नौगांवखाल से घूमकर पाटीसैंण बाजार जाना पड़ता है। अनशन पर क्षेत्र के छह पुरुष व 16 महिलाएं बैठीं।
भाजपा मजदूर मोर्चा के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष कविंद्र ईष्टवाल ने कहा कि कई बार सड़क निर्माण की मांग की गई, लेकिन कुछ नहीं हुआ। इस मौके पर ग्राम प्रधान सगोड़ा महिपाल सिंह, क्षेत्र पंचायत सदस्य सत्यराज सिंह, दिलवर सिंह रावत, सुमित्रा देवी, दिक्का देवी व जगदीश रावत आदि मौजूद थे। पीडब्ल्यूडी पाबौ के अधिशासी अभियंता प्रत्यूष कुमार ने बताया कि जल्द ही डीपीआर शासन को भेजी जाएगी।